आगरा दीवानी कचहरी में पेशी पर आए हिस्ट्रीशीटर की संदिग्ध मौत, agra news
उत्तर प्रदेश के आगरा जिले में न्यायिक प्रक्रिया के दौरान एक गंभीर घटना सामने आई है, जहाँ दीवानी कचहरी परिसर में पेशी पर लाए गए एक कुख्यात हिस्ट्रीशीटर की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई। इस घटना से सुरक्षा व्यवस्था और हवालात के प्रबंधों पर कई सवाल खड़े हो गए हैं, जिससे स्थानीय प्रशासन में हड़कंप मच गया है।
मृतक की पहचान सिकंदरा थाना क्षेत्र के अंतर्गत आने वाली आवास विकास कॉलोनी सेक्टर 15 निवासी जिम्मी चौधरी के रूप में हुई है। पुलिस रिकॉर्ड के अनुसार, जिम्मी पर कई आपराधिक मुकदमे दर्ज थे और वह सिकंदरा थाने का सूचीबद्ध हिस्ट्रीशीटर था। उसे एनडीपीएस (NDPS) अधिनियम से जुड़े एक मामले में जिला जेल से कड़ी सुरक्षा के बीच दीवानी न्यायालय में पेशी के लिए लाया गया था।
प्रत्यक्षदर्शियों और पुलिस के मुताबिक, अदालत में पेश होने से पहले जिम्मी को कचहरी की हवालात में रखा गया था। इसी दौरान अचानक उसकी तबीयत तेजी से बिगड़ी और उसे बेचैनी महसूस होने लगी। स्थिति की गंभीरता को देखते हुए वहां मौजूद पुलिसकर्मियों ने बिना देर किए उसे एंबुलेंस के जरिए एसएन मेडिकल कॉलेज की इमरजेंसी यूनिट में भर्ती कराया। हालांकि, आपातकालीन कक्ष में मौजूद चिकित्सकों ने जांच के बाद उसे मृत घोषित कर दिया।
शुरुआती तौर पर डॉक्टरों और पुलिस अधिकारियों ने अंदेशा जताया है कि जिम्मी चौधरी की मौत का संभावित कारण दिल का दौरा (Heart Attack) हो सकता है। हालांकि, मौत के वास्तविक कारणों का पुख्ता खुलासा केवल पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही हो सकेगा। घटना की सूचना मिलते ही पुलिस ने मृतक के परिवार वालों को सूचित कर दिया है और प्रशासनिक स्तर पर मामले की विधिक औपचारिकताएं पूरी की जा रही हैं।
