शर्मिला टैगोर के वंदे मातरम् वाले बयान पर भड़के मुकेश खन्ना, कही ये बड़ी बात
वरिष्ठ अभिनेता मुकेश खन्ना ने राष्ट्रीय गीत ‘वंदे मातरम्’ को लेकर चल रही बहस के बीच अभिनेत्री शर्मिला टैगोर के बयान पर कड़ी आपत्ति जताई है। हाल ही में शर्मिला टैगोर ने एक साक्षात्कार में सुझाव दिया था कि गीत के सभी अंतरे गाने के बजाय केवल शुरुआती हिस्सों को ही गाया जाना चाहिए, ताकि विभिन्न धार्मिक मान्यताओं के लोगों की भावनाओं का सम्मान किया जा सके। इस टिप्पणी ने मनोरंजन जगत और राजनीतिक गलियारों में नई चर्चा शुरू कर दी है।
मुकेश खन्ना ने इसु मुद्दे पर अपनी प्रतिक्रिया देते हुए शर्मिला टैगोर की पृष्ठभूमि पर सवाल उठाया और कहा कि सांस्कृतिक पहचान से जुड़े मामलों पर इस तरह का रुख अपनाना समझ से परे है। उन्होंने कहा कि राष्ट्रीय प्रतीकों के प्रति सम्मान और राष्ट्रगीत के ऐतिहासिक महत्व को बनाए रखना हर नागरिक का दायित्व है। इस तरह के बयानों से समाज में अनावश्यक बहस को बढ़ावा मिलता है, जबकि जरूरत देश की एकता और अखंडता को सर्वोपरि रखने की है।
वंदे मातरम् को लेकर ऐतिहासिक रूप से समय-समय पर विभिन्न प्रतिक्रियाएं सामने आती रही हैं। जानकारों का मानना है कि ऐसे संवेदनशील विषयों पर सार्वजनिक मंचों पर बयानबाजी से बचना चाहिए ताकि सामाजिक सौहार्द बना रहे। राष्ट्रगीत जैसे विषयों पर आम सहमति और आपसी संवाद से ही स्थिति स्पष्ट हो सकती है, जिससे किसी भी प्रकार के विवाद से बचा जा सके।
