मतदाता पुनरीक्षण में लापरवाही: लेखपाल निलंबित, डीएम ने जताई नाराजगी
जनपद में भारत निर्वाचन आयोग द्वारा संचालित विशेष मतदाता पुनरीक्षण अभियान (एसआईआर) के दौरान लापरवाही बरतने पर जिलाधिकारी डा. वीके सिंह ने कड़ा रुख अपनाया है। रविवार को तहसील का निरीक्षण करने पहुंचे जिलाधिकारी ने लेखपाल रुपाली को निलंबित करने के निर्देश एसडीएम को दिए। यह कार्रवाई मवाना खुर्द के बूथों के निरीक्षण के दौरान की गई, जहाँ निरीक्षण के समय लेखपाल रुपाली अनुपस्थित पाई गईं।
जिलाधिकारी ने इस संबंध में एसडीएम संतोष कुमार को निर्देशित किया कि विशेष मतदाता पुनरीक्षण कार्य में पूरी तरह पारदर्शिता बरती जाए। उन्होंने इस बात पर भी जोर दिया कि प्रक्रिया में लगे बीएलओ (बूथ लेवल ऑफिसर) शत-प्रतिशत घरों का सत्यापन करें। जिलाधिकारी ने स्पष्ट किया कि एसआईआर प्रक्रिया में किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी और दोषी पाए जाने वाले संबंधित अधिकारी या कर्मचारी के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी।
आगामी चुनावों को देखते हुए एसआईआर अभियान को अत्यंत महत्वपूर्ण माना जा रहा है। इसी क्रम में, शनिवार को एसडीएम ने स्थानीय जन प्रतिनिधियों के साथ बैठक कर इस अभियान के महत्व पर प्रकाश डाला था और बीएलओ को सहयोग करने की अपील की थी। रविवार को एसडीएम ने हस्तिनापुर विधानसभा क्षेत्र के सुपरवाइजरों की एक बैठक आयोजित की, जिसमें उन्होंने पुनरीक्षण प्रक्रिया को निष्पक्ष और पारदर्शी ढंग से संपन्न कराने के निर्देश दिए। उन्होंने चेतावनी दी कि कार्य में कोताही बरतने वाले किसी भी व्यक्ति को बख्शा नहीं जाएगा।
जिलाधिकारी ने गांव सठला में भी बूथ संख्या 233 से 242 तक का निरीक्षण किया और वहां चल रहे मतदाता पुनरीक्षण कार्य की जानकारी ली। इसी दौरान लेखपाल रुपाली की अनुपस्थिति पाए जाने पर उन्होंने गहरी नाराजगी व्यक्त की और उन्हें निलंबित करने के आदेश जारी किए। जिलाधिकारी ने एसडीएम को यह भी सुनिश्चित करने को कहा कि एसआईआर प्रक्रिया पूरी पारदर्शिता के साथ संपन्न हो। इस दौरान तहसीलदार निरंकार सिंह, नायब तहसीलदार और मतदाता पंजीयन कक्ष के कर्मचारी भी उपस्थित रहे।
