दिल्ली ब्लास्ट केस: अल-फलाह यूनिवर्सिटी के 25 ठिकानों पर ED की बड़ी छापेमारी
दिल्ली ब्लास्ट केस की जांच में एक बड़ा डेवलपमेंट हुआ है। प्रवर्तन निदेशालय (ED) ने आज तड़के सुबह 5 बजे से हरियाणा के फरीदाबाद में स्थित अल-फलाह विश्वविद्यालय और दिल्ली के ओखला स्थित विश्वविद्यालय के कार्यालय सहित कुल 25 ठिकानों पर एक साथ छापेमारी की है। सूत्रों के अनुसार, यह कार्रवाई विश्वविद्यालय के ट्रस्टियों, उनसे जुड़े व्यक्तियों और संबंधित संस्थाओं के परिसरों पर की जा रही है।
प्रवर्तन एजेंसी की यह ताबड़तोड़ छापेमारी दिल्ली ब्लास्ट मामले की जांच को और गति प्रदान करती है। ईडी की टीम विश्वविद्यालय के विभिन्न ठिकानों पर दस्तावेजों की पड़ताल कर रही है और संबंधित व्यक्तियों से पूछताछ भी कर रही है। इस कार्रवाई से यह स्पष्ट होता है कि जांच एजेंसियां दिल्ली ब्लास्ट के पीछे की गहरी साजिश का पर्दाफाश करने में जुटी हुई हैं, जिसमें अब एक प्रमुख शैक्षणिक संस्थान के जुड़ाव की आशंका जताई जा रही है।
यह छापेमारी उन कड़ियों को जोड़ने का प्रयास है जो दिल्ली ब्लास्ट मामले को सहारनपुर और जम्मू-कश्मीर जैसे अन्य स्थानों से जोड़ती हैं। हाल ही में, लाल किला बम कांड के संबंध में जम्मू-कश्मीर पुलिस ने कई जगहों पर छापे मारकर एक और डॉक्टर को गिरफ्तार किया था। इसके अलावा, दिल्ली विस्फोट मामले में यूपी एटीएस भी सहारनपुर से जुड़े लिंक की तलाश कर रही थी, जहां लखनऊ स्थित एक ठिकाने से बरामद कार का कनेक्शन सामने आया था।
गौरतलब है कि दिल्ली ब्लास्ट मामले में राष्ट्रीय जांच एजेंसी (NIA) ने आतंकी डॉ. उमर के एक अहम सहयोगी को पहले ही गिरफ्तार किया था, जिसने घटना की पूरी योजना बनाई थी। डॉ. उमर ने कथित तौर पर दो लाख रुपये में एक आई20 कार खरीदी थी, जिसके बारे में यूपी एसटीएफ और दिल्ली पुलिस पहले ही पूछताछ कर चुकी है। ईडी की यह ताजा छापेमारी इन्हीं जांचों को और मजबूत करती है और मामले से जुड़े वित्तीय पहलुओं की भी पड़ताल करने की संभावना है।
