बिहार की हवा जहरीली: पटना सहित 16 शहर प्रदूषित, हाजीपुर सबसे खराब
बिहार में वायु प्रदूषण का संकट गहराता जा रहा है। प्रदेश के कई शहर धुंध और बढ़ती ठंड के साथ प्रदूषित हवा की चपेट में हैं। सोमवार को जारी आंकड़ों के अनुसार, राजधानी पटना सहित कुल 16 शहरों की हवा की गुणवत्ता खराब श्रेणी में दर्ज की गई।
प्रदेश के हाजीपुर शहर में वायु गुणवत्ता सूचकांक (AQI) 218 दर्ज किया गया, जो इसे राज्य का सबसे प्रदूषित शहर बनाता है। यहां हवा में पार्टिकुलेट मैटर (PM 2.5) का स्तर चिंताजनक है, जो हवा में तैरने वाले ठोस कणों और तरल बूंदों का मिश्रण है।
राजधानी पटना की हवा भी लगातार प्रदूषित बनी हुई है। शहर का औसत AQI 145 दर्ज किया गया। पटना के समनपुरा क्षेत्र में प्रदूषण का स्तर सबसे अधिक 177 दर्ज किया गया। इसके अलावा, दानापुर (156), मुरादपुर (170), राजवंशी नगर (141) जैसे इलाकों में भी AQI का स्तर काफी ऊंचा रहा। हालांकि, बेगूसराय, समस्तीपुर और सिवान जैसे कुछ शहरों में हवा की गुणवत्ता संतोषजनक पाई गई। आरा, अररिया, बेतिया जैसे अन्य शहरों की हवा भी प्रदूषित पाई गई है।
विशेषज्ञों के अनुसार, वाहनों से निकलने वाला धुआं और औद्योगिक उत्सर्जन वायु प्रदूषण के प्रमुख कारण हैं। कम हवा की गति और धूलकणों की अधिकता के कारण प्रदूषण की सघनता बढ़ रही है। इस बढ़ते प्रदूषण के मद्देनजर, सड़कों पर पानी का छिड़काव किया जा रहा है ताकि धूलकणों को नियंत्रित किया जा सके।
बढ़ते वायु प्रदूषण का सीधा असर जन स्वास्थ्य पर पड़ रहा है। सांस संबंधी बीमारियां, हृदय रोग और अन्य गंभीर स्वास्थ्य समस्याओं का खतरा बढ़ गया है। नागरिकों से अपील की गई है कि वे अनावश्यक रूप से बाहर न निकलें और मास्क का प्रयोग करें। हवा की गुणवत्ता में सुधार के लिए दीर्घकालिक उपायों पर भी जोर दिया जा रहा है।
