भागलपुर-हावड़ा ट्रैक पर कवच प्रणाली लागू, लाखों यात्रियों की सुरक्षा सुनिश्चित
भागलपुर और हावड़ा के बीच 105 किलोमीटर लंबे रेलवे ट्रैक पर ‘कवच’ प्रणाली को सफलतापूर्वक लागू किया गया है। यह स्वदेशी तकनीक ट्रेनों की सुरक्षा को अभूतपूर्व रूप से बढ़ाएगी। ‘कवच’ प्रणाली लोको पायलट को निर्धारित गति सीमा के भीतर ट्रेन चलाने में सहायता करती है और यदि वे इसका पालन नहीं करते हैं, तो यह स्वचालित रूप से ट्रेन के ब्रेक लगा देती है। इस प्रणाली को भारत में ही डिजाइन, विकसित और निर्मित किया गया है।
इस रूट पर हर महीने 50 हजार से अधिक यात्री सफर करते हैं, जिनमें वंदे भारत एक्सप्रेस जैसी प्रीमियम ट्रेनें भी शामिल हैं। पूर्व रेलवे का यह महत्वपूर्ण खंड, जो बिहार से हावड़ा तक जाने वाली ट्रेनों को भी सेवा प्रदान करता है, अब आधुनिक सुरक्षा कवच से युक्त है। हावड़ा से वर्धमान के बीच स्थापित यह ‘कवच’ प्रणाली, विशेष रूप से बालासोर में हुए कोरोमंडल एक्सप्रेस हादसे के बाद रेलवे द्वारा सुरक्षा उपायों को मजबूत करने की दिशा में एक बड़ा कदम है।
यह प्रणाली यूपी से राजस्थान के मथुरा-नागदा मार्ग पर स्थापित ‘कवच’ के बाद पूर्व रेलवे के इस 105 किमी हिस्से को देश में सबसे अधिक सुरक्षा प्रदान करने वाले मार्गों में से एक बनाती है। इस रूट से चलने वाली विभिन्न ट्रेनों जैसे जयनगर-हावड़ा एक्सप्रेस, कविगुरु एक्सप्रेस और वंदे भारत एक्सप्रेस से प्रतिदिन हजारों यात्री यात्रा करते हैं, जिनकी सुरक्षा अब और पुख्ता हो गई है।
मोबाइल लूटकर भागे शातिर स्कूटी समेत गिरे, कानपुर में पकड़े गए
कानपुर में किशोर की तेज रफ्तार कार ने छात्र और रिक्शा को मारी टक्कर, बर्तन भी तोड़े
अटल मेडिकल विवि में वेतन निर्धारण में गड़बड़ी पर शासन सख्त, जांच के आदेश
अटल मेडिकल विवि में वेतन निर्धारण गड़बड़ी पर शासन सख्त, जांच के आदेश
लखनऊ में फीनिक्स पलासियो में रिपब्लिक डे वीकेंड सेलिब्रेशन शुरू, कला-संगीत का संगम
शहर में ब्लैक आउट मॉक ड्रिल: साइरन बजते ही 2 मिनट के लिए गुल हुई बिजली, बचाव कार्य का अभ्यास
श्रीराम विवाहोत्सव में झूमे श्रद्धालु, जय-जयकार से गूंजा पंडाल, देखें Ram Leela की झलक
मुरादाबाद मतदाता सूची: 1.96 लाख को नोटिस, बूथ पर सुनवाई के लिए जरूरी दस्तावेज तैयार रखें
