केंद्रीय हिंदी संस्थान लिपिक भर्ती में धांधली के आरोप, जांच की मांग: Agra Recruitment Scam Allegations
केंद्रीय हिंदी संस्थान, आगरा में प्रशासनिक वर्ग के अंतर्गत लघु श्रेणी लिपिक की भर्ती प्रक्रिया में गंभीर धांधली और अनियमितता के आरोप लगे हैं। अभ्यर्थी प्रवीण कुमार ने संस्थान के निदेशक को की गई लिखित शिकायत में बताया है कि 21 जनवरी 2024 को आयोजित टंकण परीक्षा (टाइपिंग टेस्ट) में नियमों का खुलेआम उल्लंघन किया गया।
भर्ती प्रक्रिया में अनियमितता के आरोप
प्रवीण कुमार के अनुसार, हिंदी टंकण परीक्षा में संस्थान द्वारा दिए गए प्रश्नपत्र के अनुसार 1562 कीस्ट्रोक्स और 302 शब्द दर्ज हुए। हालांकि, परिणाम में 312 शब्द मानकर गति 31.2 शब्द प्रति मिनट तय की गई और केवल 15 त्रुटियां माफ करने के बजाय 16 त्रुटियां माफ कर अभ्यर्थी विश्वजीत को उत्तीर्ण घोषित कर दिया गया। वहीं, अंग्रेजी टंकण में कीस्ट्रोक्स के आधार पर परिणाम न बनाकर केवल शब्दों के आधार पर गणना की गई, जिसके चलते प्रवीण की गति 34.1 शब्द प्रति मिनट बताई गई और उन्हें अयोग्य करार दिया गया।
अभ्यर्थी की मांग और आगे की रणनीति
प्रवीण ने आरोप लगाया कि यदि अंग्रेजी टेस्ट में भी हिंदी की तरह कीस्ट्रोक्स 1751 के आधार पर गणना होती, तो उनके 350 शब्द बनते और गति 35.02 शब्द प्रति मिनट आती, जिससे वे स्पष्ट रूप से उत्तीर्ण होते। उन्होंने संस्थान में लिखित आपत्ति, आरटीआइ और प्रशासनिक विभाग में शिकायत दर्ज कराई, लेकिन कोई कार्रवाई नहीं हुई। प्रवीण ने भर्ती प्रक्रिया में आरक्षण नीति का पालन न होने, पारदर्शिता की कमी और कुछ लोगों को लाभ पहुंचाने के प्रयास का भी आरोप लगाया है। उनके पास इस विषय के पुख्ता प्रमाण हैं और उन्होंने निदेशक से तत्काल जांच, परिणाम सुधार और न्याय की मांग की है। यदि जांच नहीं हुई तो वे उच्च न्यायालय जाने की चेतावनी दी है।
