रामराज के वादे पर अखिलेश का भाजपा पर हमला, कहा- रामधन भी लूट लिया
समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव ने भारतीय जनता पार्टी की केंद्र और उत्तर प्रदेश सरकार पर तीखा प्रहार किया है। एक जनसभा को संबोधित करते हुए उन्होंने धार्मिक स्थलों से हो रही कथित चोरी और भ्रष्टाचार के मुद्दे पर भाजपा को आड़े हाथों लिया। अखिलेश ने तंज कसते हुए कहा कि जो लोग रामराज लाने का दावा करते थे, उन्होंने ‘रामधन’ तक नहीं छोड़ा। उन्होंने आरोप लगाया कि अपनी नाकामी छिपाने के लिए छोटे कर्मचारियों को निशाना बनाया जा रहा है, जबकि जिम्मेदार लोग बचाए जा रहे हैं।
सपा प्रमुख ने E-20 पेट्रोल की गुणवत्ता पर भी सवाल उठाए और कथित मिलावट को जनता के साथ धोखा बताया। उन्होंने कहा कि इससे वाहनों की कार्यक्षमता और माइलेज पर असर पड़ सकता है।
अखिलेश यादव ने अपनी पार्टी के PDA (पिछड़ा, दलित, अल्पसंख्यक) फॉर्मूले का जिक्र करते हुए सामाजिक न्याय की लड़ाई को आगे बढ़ाने के लिए सभी वर्गों से एकजुट होने का आह्वान किया। उन्होंने जातिगत जनगणना की आवश्यकता पर जोर दिया, ताकि जिसकी जितनी आबादी है, उसे उतना ही अधिकार और सम्मान मिल सके।
यूपी की कानून-व्यवस्था पर तंज कसते हुए उन्होंने कहा कि सपा सरकार के समय शुरू की गई यूपी-100 जैसी व्यवस्था अब प्रभावी नहीं रही और थानों में बिना पैसे के काम नहीं होता। उन्होंने ‘हथेली गरम, तुरंत पुलिस नरम’ वाले कानून पर कटाक्ष किया।
विभाजन विभीषिका स्मृति दिवस और तिरंगा यात्रा को लेकर भी अखिलेश ने भाजपा पर निशाना साधा। उन्होंने कहा कि भाजपा स्वतंत्रता दिवस के बजाय बंटवारे की बातें करती है और अब झंडा यात्राओं के बजाय लोगों के मन और नीयत साफ करने की जरूरत है ताकि समाज में भाईचारा मजबूत हो। इस तरह के आरोप-प्रत्यारोप राजनीतिक माहौल को गरमा रहे हैं और जनता का ध्यान असल मुद्दों से भटका रहे हैं।
