हाजीपुर को जल्द मिलेगा नगर निगम का दर्जा, विकास को मिलेगी नई गति
हाजीपुर को नगर निगम का दर्जा मिलने की प्रक्रिया ने जोर पकड़ लिया है, जिससे शहरवासियों में विकास की नई उम्मीद जगी है। वर्तमान में नगर परिषद के रूप में कार्यरत हाजीपुर, बिहार के सबसे पुराने नगर निकायों में से एक है। नई सरकार के गठन के बाद नगर विकास एवं आवास विभाग, बिहार सरकार की पहल पर इस दिशा में कार्रवाई तेज कर दी गई है।
माना जा रहा है कि हाजीपुर के नगर निगम बनने से शहर के विकास को अभूतपूर्व गति मिलेगी और आम नागरिकों को बेहतर बुनियादी सुविधाएं प्राप्त होंगी। लंबे समय से शहर के लोगों द्वारा नगर निगम के दर्जे की मांग की जा रही थी, जो अब साकार होने की कगार पर है। स्थानीय विधायक अवधेश सिंह ने मुख्यमंत्री नीतीश कुमार और नगर विकास व आवास मंत्री के समक्ष व्यक्तिगत रूप से इस मुद्दे को कई बार उठाया था।
विधायक की पहल पर नगर विकास एवं आवास विभाग के निर्देशानुसार वैशाली जिला प्रशासन ने इस दिशा में सक्रियता दिखाई है। हाल ही में, जिलाधिकारी वर्षा सिंह की अध्यक्षता में समाहरणालय स्थित पुष्करणी सभागार में नए नगर निकायों के गठन, पुराने निकायों के उन्नयन (अपग्रेडेशन) और क्षेत्र विस्तार से संबंधित प्रस्ताव तैयार करने के लिए एक महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की गई।
बैठक में नए नगर पंचायत और नगर परिषद के गठन के साथ-साथ नगर परिषद के नगर निगम में उन्नयन पर विस्तार से चर्चा हुई। विभिन्न प्रखंडों के प्रखंड विकास पदाधिकारियों और अंचल अधिकारियों ने इस संबंध में अपने सुझाव प्रस्तुत किए। समीक्षा के दौरान वैशाली, भगवानपुर, सराय और बिदुपुर को नगर पंचायत के रूप में गठित करने का प्रस्ताव सामने आया, जबकि लालगंज नगर परिषद के क्षेत्र विस्तार पर भी विचार-विमर्श किया गया।
हालांकि, सबसे महत्वपूर्ण चर्चा नगर परिषद हाजीपुर को नगर निगम में उत्क्रमित करने के प्रस्ताव पर हुई। जिलाधिकारी ने बैठक के अंत में संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिया कि वे निर्धारित प्रपत्र में प्रस्ताव भरकर अगली बैठक से पहले जमा करें, ताकि समय पर राज्य सरकार को रिपोर्ट भेजी जा सके। सरकार और नगर विकास विभाग की इस पहल से हाजीपुरवासियों में खुशी की लहर है और वे जल्द ही अपने शहर को एक ‘नगर निगम’ के रूप में देखने की आशा कर रहे हैं।
