बोकारो स्टेशन पर हवलदार की बाइक चोरी, पुलिस की कार्यशैली पर उठे सवाल
झारखंड के बोकारो में एक ऐसी घटना सामने आई है, जो सुरक्षा व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े करती है। बोकारो रेलवे स्टेशन के बाहर से रेलवे सुरक्षा बल (आरपीएफ) के एक हवलदार की बाइक चोरी हो गई। इस घटना के बाद से ही पुलिस की कार्यशैली पर सवाल उठने लगे हैं।
सूत्रों के अनुसार, आरपीएफ हवलदार मंटू कुमार 13 नवंबर को अपनी ड्यूटी के लिए बोकारो इस्पात नगर स्टेशन पहुंचे थे। उन्होंने अपनी बाइक को स्टेशन कैंप के बाहर हैंडिल लॉक करके खड़ा किया और गश्ती ड्यूटी पर चले गए। आधी रात के बाद जब वे करीब 1 बजे लौटे, तो उन्होंने पाया कि उनकी बाइक गायब है।
काफी देर तक बाइक की तलाश की गई, लेकिन उसका कोई पता नहीं चला। इसके बाद हरला थाना पुलिस को सूचना दी गई और अज्ञात चोरों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज कर जांच शुरू कर दी गई है। यह बात भी सामने आई है कि चोरी हुई बाइक हवलदार के छोटे भाई राम प्यारे यादव के नाम पर पंजीकृत है।
स्थानीय लोगों का कहना है कि बोकारो रेलवे स्टेशन और उसके आसपास बाइक चोरी की घटनाएं आम हो गई हैं। आए दिन कई बाइकें चोरी हो जाती हैं, लेकिन पुलिस की कार्रवाई बेहद धीमी रहती है। इस बार मामला इसलिए अधिक चर्चा में है क्योंकि बाइक सुरक्षा प्रदान करने वाले एक पुलिसकर्मी की ही चोरी हुई है।
लोगों का मानना है कि यदि स्टेशन क्षेत्र में पुलिस गश्त बढ़ाई जाती और सीसीटीवी की निगरानी को और सख्त किया जाता, तो इस तरह की घटनाएं रोकी जा सकती थीं। फिलहाल पुलिस मामले की जांच कर रही है, लेकिन शहरवासी यह सवाल पूछ रहे हैं कि आखिर कब तक यह चोरियां होती रहेंगी और पुलिस कब इन चोरों को पकड़ेगी।
यह घटना न केवल पुलिस की सुरक्षा व्यवस्था पर प्रश्नचिह्न लगाती है, बल्कि आम जनता में भी असुरक्षा का माहौल पैदा कर रही है। अब यह देखना महत्वपूर्ण होगा कि पुलिस इस हाई-प्रोफाइल चोरी को कितनी जल्दी सुलझा पाती है और भविष्य में ऐसी घटनाओं को रोकने के लिए क्या कदम उठाती है।
