यूपी में बिजली बकायेदारों पर शिकंजा, 15 लाख से अधिक डिफाल्टरों पर होगी कुर्की की कार्रवाई | up power department news
उत्तर प्रदेश के बिजली उपभोक्ताओं के लिए एक बड़ी खबर सामने आई है। राज्य में बिजली बिलों का भुगतान न करने वाले डिफॉल्टरों के खिलाफ प्रशासन ने कड़ा रुख अपनाने का निर्णय लिया है। मध्यांचल विद्युत निगम के अंतर्गत आने वाले विभिन्न जिलों में एक चौंकाने वाला आंकड़ा सामने आया है, जहां लगभग 15.65 लाख उपभोक्ताओं ने कनेक्शन लेने के बाद से आज तक एक भी रुपया बिल जमा नहीं किया है [up power department news]। इन बकायेदारों में छह महीने से लेकर 10 साल तक पुराने मामले शामिल हैं, जिन पर 10 हजार रुपये से लेकर पांच लाख रुपये तक का भारी-भरकम बकाया चल रहा है।
विभाग की हालिया रिपोर्ट के अनुसार सीतापुर, अयोध्या, देवीपाटन, बरेली और लखनऊ जोन में ऐसे उपभोक्ताओं की संख्या सबसे अधिक है। कई बार नोटिस भेजे जाने और कनेक्शन न काटे जाने के कारण विभाग को अरबों रुपये के राजस्व का भारी नुकसान उठाना पड़ रहा है। स्थिति की गंभीरता को देखते हुए प्रबंधन ने सभी संबंधित एक्सईएन और एसडीओ को सख्त निर्देश दिए हैं कि तत्काल प्रभाव से विशेष अभियान चलाकर वसूली की जाए। बकाया राशि न चुकाने की स्थिति में न सिर्फ बिजली कनेक्शन काटे जाएंगे, बल्कि कुर्की की कानूनी कार्रवाई को भी तेज किया जाएगा। इस सख्ती से आम जनता पर भी सीधा असर पड़ेगा और समय पर बिल भुगतान को लेकर जागरूकता बढ़ेगी।
दूसरी ओर, राज्य में बिजली उत्पादन और आपूर्ति व्यवस्था भी मोर्चे पर चुनौतियों का सामना कर रही है। ग्रामीण क्षेत्रों में बिजली आपूर्ति बाधित होने के पीछे कोयले की कमी और लचर प्रबंधन को मुख्य कारण बताया जा रहा है। ओबरा, मेजा, हरदुआगंज और अनपरा जैसी प्रमुख इकाइयों के बंद रहने से प्रदेश में बिजली की मांग और आपूर्ति के बीच बड़ा अंतर पैदा हो गया है, जिससे आम जनजीवन प्रभावित हो रहा है।
