कतर्नियाघाट में वन विभाग के पिंजरे में कैद हुआ आदमखोर तेंदुआ | uttar pradesh news
उत्तर प्रदेश के बहराइच जिले में स्थित कतर्नियाघाट वन्यजीव प्रभाग के निशानगाड़ा रेंज के पचासा गांव में गुरुवार देर रात एक बड़ा खतरा टल गया। शिकार की तलाश में घूम रहा खूंखार तेंदुआ वन विभाग द्वारा लगाए गए पिंजरे में फंस गया। इस तेंदुए के पकड़े जाने से स्थानीय नागरिकों और किसानों में व्याप्त डर का माहौल अब खत्म होता नजर आ रहा है। [uttar pradesh news]
इलाके में पिछले कुछ दिनों से तेंदुए की लगातार मौजूदगी दर्ज की जा रही थी। करीब छह दिन पहले ही इस जंगली जानवर ने एक ग्रामीण पर हमला कर उसे गंभीर रूप से घायल कर दिया था। इसके साथ ही क्षेत्र में लगातार मवेशियों के शिकार की घटनाएं भी सामने आ रही थीं, जिसके चलते लोगों का घरों से बाहर निकलना मुश्किल हो गया था। ग्रामीणों की बार-बार की शिकायतों को गंभीरता से लेते हुए वन विभाग ने सुरक्षा के मद्देनजर दो अलग-अलग जगहों पर पिंजरे स्थापित किए थे।
गुरुवार की रात लगभग ग्यारह बजे तेंदुआ शिकार की लालसा में पिंजरे के पास पहुंचा और उसमें रखी बकरी को अपना निवाला बनाने के चक्कर में खुद कैद हो गया। सुबह होते ही इसकी सूचना फैल गई और वन कर्मियों की टीम तुरंत मौके पर पहुंची। पिंजरे को सुरक्षित रूप से रेंज कार्यालय लाया गया है। वन अधिकारियों के अनुसार, पशु चिकित्सकों द्वारा तेंदुए का स्वास्थ्य परीक्षण किया जा रहा है और उच्चाधिकारियों के आदेश मिलते ही उसे सुरक्षित प्राकृतिक वास में छोड़ दिया जाएगा। इस तरह की वन्यजीव गतिविधियों पर नजर रखने से ग्रामीण इलाकों में मानवीय और वन्यजीव संघर्ष को रोकने में मदद मिलती है।
