आगरा में BJP की अंदरूनी जंग: नेता ने दी चेतावनी, पुलिस थानों तक पहुंचा विवाद
आगरा में अगले साल होने वाले विधानसभा चुनावों से पहले भारतीय जनता पार्टी (BJP) में आंतरिक कलह खुलकर सामने आ गई है। पार्टी के नेताओं के बीच चल रहा विवाद अब बंद कमरों से निकलकर सोशल मीडिया और पुलिस थानों तक पहुंच गया है। हाल ही में सामने आए दो अलग-अलग मामलों ने शहर की राजनीति में हलचल मचा दी है और पार्टी के शीर्ष नेतृत्व के लिए भी मुश्किलें खड़ी कर दी हैं। एक नेता ने तो सार्वजनिक रूप से चेतावनी भी जारी की है।
पहला मामला भाजपा किसान मोर्चा के क्षेत्रीय मंत्री सत्येंद्र त्यागी से जुड़ा है। उन्होंने सोशल मीडिया पर पोस्ट कर खनन और भू-माफिया से अपनी और अपने परिवार की जान को गंभीर खतरा बताया है। त्यागी का आरोप है कि क्षेत्र में भू-माफिया का एक संगठित गिरोह सक्रिय है जो बलपूर्वक जमीनों पर कब्जा कर रहा है। उन्होंने अपनी पोस्ट में एक पूर्व विधायक का नाम लेते हुए यह गंभीर आरोप भी लगाया कि उनके परिजनों के साथ 14 से 15 लोगों ने मिलकर मारपीट की है। उन्होंने पुलिस प्रशासन से ऐसे तत्वों के खिलाफ तत्काल गुंडा एक्ट के तहत कार्रवाई की मांग की है। त्यागी ने चेतावनी दी कि यदि समय रहते प्रशासनिक हस्तक्षेप नहीं हुआ, तो इसका खामियाजा आम जनता और पार्टी दोनों को भुगतना पड़ सकता है।
वहीं, दूसरी ओर बल्केश्वर क्षेत्र से भाजपा की एक महिला नेत्री ने पार्टी के ही पार्षद हरिओम गोयल उर्फ बाबा के खिलाफ कमला नगर थाने में मुकदमा दर्ज कराया है। महिला नेत्री ने पार्षद पर अश्लील वीडियो वायरल करने की धमकी देने और गंभीर आरोप लगाए हैं। इस शिकायत ने पार्टी की आंतरिक नैतिकता और जनप्रतिनिधियों के आचरण पर सवाल खड़े कर दिए हैं। हालांकि, पार्षद हरिओम गोयल ने इन आरोपों को राजनीतिक साजिश बताते हुए खारिज किया है। पुलिस ने एफआईआर दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
इन दो विवादों ने विपक्ष को भाजपा पर हमला करने का एक बड़ा अवसर दिया है। राजनीतिक जानकारों का मानना है कि लंबे समय से चल रही गुटबाजी अब इस हद तक बढ़ गई है कि उसे छिपाना मुश्किल हो रहा है। स्थानीय स्तर पर इन घटनाओं के बाद प्रशासनिक और राजनीतिक हलकों में कयासों का दौर जारी है। पुलिस अभी जांच के शुरुआती चरण में है, लेकिन इन मामलों ने स्पष्ट कर दिया है कि सत्ताधारी दल के भीतर असंतोष का गुबार अब फूटने लगा है।
इन घटनाओं के बीच, पूर्व सांसद प्रभुदयाल को कथित तौर पर घर के बाहर आकर गाली-गलौज और जान से मारने की धमकी देने का एक और मामला सामने आया है। उनके पुत्र अरुणकांत कठेरिया ने थाना रकाबगंज में दो लोगों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कराया है। तहरीर के अनुसार, पिता के राजनीतिक प्रतिद्वंद्वियों ने आवास के बाहर पहुंचकर गाली-गलौज की और धमकी दी।
ये घटनाएं दर्शाती हैं कि पार्टी के भीतर जमीनी स्तर पर असंतोष बढ़ रहा है, जिसका सीधा असर पार्टी की छवि और आगामी चुनावों पर पड़ सकता है। जनता ऐसे आंतरिक संघर्षों को बारीकी से देख रही है और इसका असर निश्चित रूप से मतदान पर दिखाई देगा।
