यूपी अब ‘समस्या प्रदेश’ नहीं, देश का ग्रोथ इंजन: हरवंश
86वें अखिल भारतीय पीठासीन अधिकारी सम्मेलन में राज्यसभा के उप सभापति हरवंश ने उत्तर प्रदेश के परिवर्तन पर प्रकाश डाला। उन्होंने कहा कि एक समय था जब उत्तर प्रदेश को ‘समस्या प्रदेश’ या ‘बीमारू राज्य’ के तौर पर जाना जाता था, लेकिन प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के मार्गदर्शन और मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के नेतृत्व में राज्य ने अभूतपूर्व प्रगति की है। आज उत्तर प्रदेश भारत के आर्थिक विकास का एक प्रमुख इंजन बनकर उभर रहा है।
यह सम्मेलन पीठासीन अधिकारियों के बीच विचारों के आदान-प्रदान के लिए एक जीवंत मंच प्रदान करता है। हरवंश ने लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला के प्रयासों की सराहना की, जिनके कारण संसदीय समितियों के सम्मेलन आयोजित हो रहे हैं। उन्होंने उत्तर प्रदेश विधानसभा में अध्यक्ष सतीश महाना के नेतृत्व में हो रहे नवाचारों का भी उल्लेख किया।
विधायकों की क्षमता निर्माण के लिए अलग-अलग समूहों में संवाद, विजन डॉक्यूमेंट पर चर्चा और विधानसभा की नियमावली तैयार करना जैसे कदम उठाए गए हैं। विशेष रूप से, केवल महिला सदस्यों के लिए सदन का आयोजन और बदलते समय के अनुरूप विधायिका में नवाचार की आवश्यकता पर जोर दिया गया। उन्होंने कहा कि उत्तर प्रदेश विधानसभा द्वारा किए गए प्रयोगों को अन्य विधानमंडल भी अपना सकते हैं। इस विधानसभा ने देश को चार भारत रत्न भी दिए हैं।
विकसित भारत के लक्ष्य को प्राप्त करने में राज्यों की भूमिका अत्यंत महत्वपूर्ण है, और उत्तर प्रदेश इस दिशा में महत्वपूर्ण योगदान दे रहा है। हरवंश ने ‘जय उत्तर प्रदेश’ के नारे के साथ अपना संबोधन समाप्त किया।
