संत कबीर नगर: सरकारी योजना के नाम पर 82 लाख का cyber fraud, तीन आरोपी गिरफ्तार
उत्तर प्रदेश के संत कबीर नगर जिले में सरकारी कल्याणकारी योजनाओं का लालच देकर एक बड़े साइबर फ्रॉड को अंजाम दिया गया है। आरोपियों ने एक युवक के नाम पर बैंक खाता खुलवाकर उसमें 82 लाख रुपये का संदिग्ध लेन-देन किया। इस मामले में साइबर पुलिस ने तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया है, जबकि मुख्य आरोपी अभी भी फरार है।
पुलिस के अनुसार, बगहियां गांव निवासी राजकुमार के पुत्र कृष्णा को शिवसरा गांव निवासी प्रशांत यादव, एग्रो कॉलोनी निवासी अभिनव पांडेय और टीचर कॉलोनी निवासी सुमित विश्वकर्मा ने सरकारी योजना का लाभ दिलाने का झांसा दिया। आरोपियों ने कृष्णा को खलीलाबाद स्थित बैंक ऑफ महाराष्ट्र बुलाया और उसके नाम से खाता खुलवाया। इसके बाद उन्होंने धोखे से खाते से जुड़ा मोबाइल नंबर, चेकबुक और एटीएम कार्ड अपने पास रख लिया।
आरोपियों ने कृष्णा को भरोसा दिलाया कि जल्द ही सरकारी योजना की राशि खाते में आएगी। काफी समय बीतने के बाद जब कोई राशि नहीं आई, तो कृष्णा ने आरोपियों से पूछताछ की। इसी बीच, बैंक कर्मियों ने कृष्णा के पिता राजकुमार से संपर्क किया और बताया कि कृष्णा के खाते में लगभग 82 लाख रुपये का संदिग्ध लेन-देन हुआ है। यह सुनकर पिता-पुत्र हैरान रह गए, क्योंकि उन्हें इस लेन-देन की कोई जानकारी नहीं थी।
जांच में पता चला कि आरोपी लोगों को सरकारी योजनाओं का लालच देकर उनके नाम पर खाते खुलवाते थे और फिर उन खातों का इस्तेमाल साइबर ठगी की रकम को ट्रांसफर करने के लिए करते थे। पीड़ित राजकुमार की शिकायत पर साइबर पुलिस ने चार आरोपियों के खिलाफ आईटी एक्ट के तहत मुकदमा दर्ज कर तीन को गिरफ्तार कर लिया है।
