बांग्लादेश में भड़की हिंसा: भारत विरोधी नेता की मौत के बाद ढाका में प्रदर्शन, सुरक्षा बढ़ाई गई
बांग्लादेश की राजधानी ढाका में राजनीतिक कार्यकर्ता शरीफ उस्मान हादी की मौत के बाद बड़े पैमाने पर विरोध प्रदर्शन भड़क उठे हैं। हादी, जो अपने तीखे भारत विरोधी बयानों के लिए जाने जाते थे, की मौत की खबर फैलते ही हजारों लोग सड़कों पर उतर आए। प्रदर्शनकारियों नेAuthorities पर हादी की सुरक्षा में विफल रहने का आरोप लगाया और नारेबाजी की।
प्रदर्शन जल्द ही हिंसक हो गया, जब उपद्रवियों के एक समूह ने देश के सबसे बड़े अखबार डेली प्रोथम আলো के कार्यालय में तोड़फोड़ की और आग लगा दी। इस घटना के बाद ढाका के कई हिस्सों में सुरक्षा व्यवस्था अत्यंत तनावपूर्ण बनी हुई है।
अंतरिम सरकार के प्रमुख मुहम्मद यूनुस ने नागरिकों से शांति बनाए रखने और कानून को अपने हाथ में न लेने की अपील की है। उन्होंने शुक्रवार को राष्ट्रीय शोक की घोषणा की है और दोषियों को बख्शा नहीं जाएगा। हादी को पिछले हफ्ते ढाका में अज्ञात हमलावरों ने गोली मार दी थी और वे सिंगापुर में इलाज के दौरान चल बसे।
प्रदर्शनकारियों ने चटोग्राम में भारतीय सहायक उच्चायोग के बाहर भी प्रदर्शन किया और भारत विरोधी नारे लगाए। पुलिस ने भीड़ को तितर-बितर करने के लिए हस्तक्षेप किया।
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