एकादशी पर वृंदावन में उमड़ी भीड़, बांके बिहारी मंदिर में धक्का-मुक्की
वृंदावन, मथुरा – एकादशी के पावन अवसर पर सोमवार को ठाकुर बांके बिहारी की नगरी वृंदावन में आस्था का सैलाब उमड़ पड़ा। सुबह से ही हजारों की संख्या में श्रद्धालु मंदिर दर्शन के लिए पहुंचने लगे, जिससे पूरा क्षेत्र भक्तों से गुलजार हो गया। यमुना स्नान और पंचकोसीय परिक्रमा के बाद भक्तों का रेला बांके बिहारी मंदिर की ओर बढ़ा।
मंदिर परिसर और आसपास का इलाका श्रद्धालुओं से पूरी तरह भर गया था। अत्यधिक भीड़ के कारण दर्शनार्थियों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ा। सुरक्षाकर्मियों और पुलिस को भीड़ को नियंत्रित करने के लिए कड़ी मशक्कत करनी पड़ी। कई जगहों पर बैरिकेडिंग लगाकर श्रद्धालुओं को रोका गया और नियंत्रित तरीके से आगे बढ़ाया गया, लेकिन पहले दर्शन की चाहत में आपाधापी का माहौल बन गया।
सूत्रों के अनुसार, सोमवार भोर में मंदिर के पट खुलने से पहले ही श्रद्धालुओं की कतारें लगनी शुरू हो गई थीं। जैसे ही मंदिर के द्वार खुले, भक्तों की भीड़ अंदर प्रवेश कर गई। इस दौरान, पुलिस द्वारा बैरियर खोलने पर श्रद्धालु तेजी से आगे बढ़ने लगे, जिससे बुजुर्गों और छोटे बच्चों को विशेष रूप से दिक्कतों का सामना करना पड़ा। सुबह पट खुलने से लेकर दोपहर तक और फिर शाम को पट खुलने के बाद भी देर शाम तक भीड़ का दबाव बना रहा। शाम साढ़े सात बजे के बाद कुछ राहत मिलने की बात कही गई।
एकादशी के दिन का विशेष महत्व होने के कारण, श्रद्धालु नंगे पैर राधा नाम का जप करते हुए पंचकोसीय परिक्रमा कर रहे थे। केशीघाट पर यमुना पूजन के पश्चात परिक्रमा का आरंभ हुआ, जिसमें कई टोलियां ढोल, मृदंग और मंजीरों की धुन पर भक्तिमय माहौल बनाए हुए थीं। इस अलौकिक दृश्य के बीच, बांके बिहारी मंदिर में दर्शनार्थियों की भीड़ ने व्यवस्था की पोल खोल दी।
