फिरोजाबाद। बदलते समय के साथ छात्र अब स्वयं अपना करियर चुन रहे हैं और इसमें परिवार का सहयोग भी ले रहे हैं। राजकीय पॉलीटेक्निक कॉलेज, जलेसर रोड, फिरोजाबाद के केमिकल इंजीनियरिंग के छात्र अपने भविष्य...
फिरोजाबाद। बदलते समय के साथ छात्र अब स्वयं अपना करियर चुन रहे हैं और इसमें परिवार का सहयोग भी ले रहे हैं। राजकीय पॉलीटेक्निक कॉलेज, जलेसर रोड, फिरोजाबाद के केमिकल इंजीनियरिंग के छात्र अपने भविष्य को लेकर खासे उत्साहित हैं। इन युवाओं ने अपना लक्ष्य तय कर लिया है और उसे हासिल करने के लिए वे दिन-रात मेहनत कर रहे हैं, केमिकल से जुड़ी बारीकियों को सीख रहे हैं ताकि प्रतिस्पर्धा के इस युग में अपनी जगह बना सकें।
इन भावी डिप्लोमा इंजीनियरों का मानना है कि किसी भी क्षेत्र में सफलता के लिए कड़ी मेहनत आवश्यक है। जब इस संबंध में छात्रों से संवाद किया गया, तो उनकी आँखों में भविष्य के सुनहरे सपने साफ दिखाई दिए। कई छात्रों की मंशा रिफाइनरी क्षेत्र में काम करने की है, जिसके लिए केमिकल इंजीनियरिंग को वे सर्वश्रेष्ठ विकल्प मानते हैं। वहीं, कुछ छात्र केमिकल इंजीनियरिंग के माध्यम से फार्मास्युटिकल क्षेत्र में अपना करियर बनाना चाहते हैं।
कुछ छात्र ऐसे भी हैं जिन्होंने केमिकल व्यापार में उतरने का मन बनाया है। वे व्यापार शुरू करने से पहले केमिकल इंजीनियरिंग की बारीकियों को गहराई से समझना चाहते हैं ताकि वे व्यापारिक क्षेत्र में सफल हो सकें। कुछ छात्रों ने डिप्लोमा के बाद बी-टेक करने की योजना बनाई है ताकि रोजगार के बेहतर अवसर प्राप्त हो सकें। कई छात्र अपने भाइयों, दोस्तों या शिक्षकों से प्रेरित होकर इस क्षेत्र में आए हैं, जबकि अन्य ने केमिकल इंजीनियरिंग में मौजूद व्यापक रोजगार के अवसरों को देखते हुए इसे चुना है।
विभाग के शिक्षकों का कहना है कि केमिकल इंजीनियरिंग एक बेहतरीन विषय है, लेकिन इसमें महारत हासिल करने के लिए गहन अध्ययन और बारीकी से समझने की आवश्यकता है। उनका मानना है कि केमिकल का गहरा ज्ञान ही छात्रों को करियर में आगे बढ़ा सकता है। केमिकल इंजीनियरिंग के क्षेत्र में छात्रों के लिए अनेकों अवसर उपलब्ध हैं, जिनमें मैकेनिकल का भी कुछ हिस्सा शामिल होता है। शिक्षकों का जोर इस बात पर है कि छात्रों को सैद्धांतिक ज्ञान के साथ-साथ व्यावहारिक प्रशिक्षण पर भी ध्यान देना चाहिए ताकि वे कुशल इंजीनियर बन सकें।
विभाग के विभागाध्यक्ष अरविंद कुमार ने बताया, “केमिकल इंजीनियर की मांग बहुत अधिक है क्योंकि विभिन्न क्षेत्रों में इनकी आवश्यकता पड़ती है। रिफाइनरी, फर्टिलाइजर, स्टील, कांच, शुगर और ऑर्गेनिक इंडस्ट्रीज तक में केमिकल इंजीनियरों की जरूरत होती है। लिहाजा, इस क्षेत्र में करियर के अवसर बहुत व्यापक हैं।”
छात्रों ने भी अपने अनुभव साझा किए। सागर ने कहा, “हमारी बचपन से ही इंजीनियर बनने की तमन्ना थी। केमिकल इंजीनियरिंग में करियर के बेहतर मौके हैं, इसलिए हमने इसे चुना है। आगे चलकर इसी क्षेत्र में बेहतर करियर बनाना है और इसके लिए मेहनत कर रहे हैं।”
शिखर ने बताया, “मुझे अपने भाई से केमिकल इंजीनियर बनने की प्रेरणा मिली। मेरा शुरू से ही ख्वाब रहा है कि मैं रिफाइनरी में काम करूं, और इसके लिए केमिकल इंजीनियरिंग ही बेहतर विकल्प था।”
यश कुमार श्रीवास्तव ने कहा, “हमारे भैया भी केमिकल इंजीनियर हैं। उन्हें देखकर ही हमने भी इसी क्षेत्र में जाने की ठानी। केमिकल इंजीनियरिंग के बाद हम कई क्षेत्रों में करियर बना सकते हैं, कुल मिलाकर भविष्य उज्ज्वल है।”
विकास कुमार ने बताया, “हमारे एक दोस्त ने मुझे बताया था कि केमिकल इंजीनियरिंग में अच्छा स्कोप है। मेरी रुचि भी इस क्षेत्र में है, इसलिए मैंने केमिकल इंजीनियरिंग ली है ताकि मैं केमिकल के संबंध में अधिक से अधिक जानकारी प्राप्त कर सकूं और अपनी रुचि के क्षेत्र में आगे बढ़ सकूं।”
दिलीप कुमार ने कहा, “हमें अपने चाचा से केमिकल इंजीनियरिंग करने की प्रेरणा मिली। उन्होंने हमें प्रेरित किया और हमने मेहनत से पॉलीटेक्निक में दाखिला लिया। केमिकल इंजीनियरिंग के बाद इस क्षेत्र में करियर के अच्छे अवसर हैं।”
आशीष कुमार ने बताया, “हम आगे चलकर फार्मेसी के क्षेत्र में जाना चाहते हैं। केमिकल इंजीनियरिंग हमें फार्मेसी में करियर बनाने में मदद करेगी, जिससे भविष्य की चिंता काफी हद तक कम हो गई है।”
पवन कुमार ने कहा, “देश के पूर्व राष्ट्रपति एपीजे अब्दुल कलाम से हमें इंजीनियर बनने की प्रेरणा मिली। केमिकल इंजीनियरिंग को इसलिए चुना क्योंकि इससे विभिन्न क्षेत्रों में जाने के रास्ते खुलते हैं और केमिकल इंजीनियरों की मांग भी अधिक है।”