रामादेवी फ्लाईओवर पर चलती बस बनी आग का गोला, 43 यात्री बाल-बाल बचे
कानपुर के रामादेवी फ्लाईओवर पर शुक्रवार सुबह एक चलती स्लीपर बस में अचानक आग लग गई। इस घटना से यात्रियों में अफरा-तफरी मच गई। हालांकि, गनीमत रही कि फ्लाईओवर पर मौजूद यातायात पुलिस कर्मियों की तत्परता से बस में सवार सभी 43 यात्रियों को सुरक्षित बाहर निकाल लिया गया। दमकल की आधा दर्जन गाड़ियों ने मौके पर पहुंचकर कड़ी मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया, लेकिन तब तक बस में रखा यात्रियों का लाखों रुपये का सामान, जिसमें नकदी भी शामिल थी, जलकर राख हो चुका था।
यह स्लीपर बस दिल्ली से वाराणसी के लिए जा रही थी। घटना चकेरी थाना क्षेत्र के रामादेवी फ्लाई ओवर पर सुबह के समय हुई, जब बस फ्लाईओवर पर पहुंची। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, बस के ऊपर रखे सामान में संदिग्ध परिस्थितियों में आग लगी। आग की लपटें उठते देख बस चालक ऋषि यादव तुरंत बस को सड़क किनारे खड़ा करके मौके से फरार हो गया।
आग लगने की सूचना मिलते ही मौके पर पहुंची यातायात पुलिस ने तुरंत कार्रवाई की। फ्लाई ओवर पर बने पिकेट प्वाइंट पर मौजूद पुलिस कर्मियों ने यात्रियों को बस से खींचकर बाहर निकाला। कुछ ही मिनटों में आग ने पूरी बस को अपनी चपेट में ले लिया। इस हादसे के कारण फ्लाईओवर पर लंबा यातायात जाम लग गया।
दमकल विभाग की आधा दर्जन गाड़ियां और चकेरी पुलिस की टीम मौके पर पहुंची। करीब एक घंटे की कड़ी मशक्कत के बाद आग पर पूरी तरह से काबू पाया जा सका। आग की चपेट में आने से बस पूरी तरह से जल गई और यात्रियों का सारा सामान भी खाक हो गया।
आग बुझाने के बाद पुलिस ने बस को क्रेन की मदद से सड़क से हटवाया और यातायात सामान्य कराया। जाजमऊ फायर स्टेशन के अग्निशमन अधिकारी राहुल नंदन ने बताया कि आग लगने के कारणों की जांच की जा रही है। उन्होंने पुष्टि की कि किसी भी यात्री को कोई जनहानि नहीं हुई है।
