धनबाद में जहरीली गैस का कहर, दो बच्चों समेत चार अस्पताल में भर्ती; राहत शिविरों में भी दहशत
धनबाद के केंदुआडीह क्षेत्र में गैस रिसाव की समस्या थमने का नाम नहीं ले रही है, जिससे स्थानीय लोगों में दहशत का माहौल है। लगातार गैस रिसाव के कारण लोग रोजाना बीमार पड़ रहे हैं। प्रशासन और बीसीसीएल प्रबंधन राहत कार्यों में जुटे हैं, लेकिन स्थिति नियंत्रण से बाहर होती दिख रही है। रविवार को गैस रिसाव की चपेट में आने से दो बच्चों सहित चार लोगों को कुस्तौर अस्पताल में भर्ती कराया गया।
सुबह करीब चार बजे गंसाडीह निवासी छह वर्षीय क्रिस मंडल गैस के प्रभाव से चक्कर खाकर बेहोश हो गया। उसे तुरंत एंबुलेंस से कुस्तौर अस्पताल ले जाया गया। इसी तरह केंदुआडीह निवासी 13 वर्षीय नंदनी कुमारी को उल्टी और सिरदर्द की शिकायत के बाद भर्ती कराया गया। इसके अलावा, दो अन्य वयस्क महिलाएं भी गैस से प्रभावित होने के कारण अस्पताल में हैं।
प्रशासन ने हिंदी भवन के पास राहत शिविर लगाया है, जहां 29 लोगों की स्वास्थ्य जांच की गई। शिविर में भोजन, ठहरने और मेडिकल सुविधा उपलब्ध है। हालांकि, रात में शिविर में रहने वालों की संख्या कम हो जाती है।
इस बीच, शनिवार को बीसीसीएल सेंट्रल अस्पताल में भर्ती हुई जमुना खातून की हालत गंभीर बनी हुई है और उन्हें आईसीयू में रखा गया है। उनकी बेटी बेबी रुकसार ने बताया कि वे गरीब हैं और दवाइयों का खर्च नहीं उठा पा रहे हैं। उन्होंने बताया कि अस्पताल में दवा उपलब्ध नहीं होने के कारण उन्हें बाहर से 2100 रुपये की दवा खरीदनी पड़ी। उन्होंने जीएम से मिलकर मदद की गुहार लगाई। यह घटना गैस रिसाव के दीर्घकालिक मानवीय और आर्थिक प्रभाव को दर्शाती है।
