मिथिलांचल एक्सप्रेस में यात्रियों का सामान चोरी, ट्रेनों में बढ़ा ‘crime’ का आतंक
जाड़े के मौसम में मुजफ्फरपुर-कोलकाता और मुजफ्फरपुर-छपरा-सिवान रेल रूट पर ट्रेनों में चोरों का आतंक बढ़ गया है, जिससे यात्रियों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। हाल ही में मिथिलांचल एक्सप्रेस में एक भीषण चोरी की घटना हुई, जहाँ चोरों ने यात्रियों के कीमती सामान, जिनमें मोबाइल भी शामिल था, चुरा लिए और हाथीदह स्टेशन के पास उतरकर भाग निकले।
इस घटना की सूचना जीआरपी को समय पर मिल गई थी। हालांकि, चोरी हुए मोबाइल का लोकेशन हाथीदह इलाके में मिलने के बावजूद बदमाश पकड़ में नहीं आए। यात्रियों ने दरभंगा जीआरपी में प्राथमिकी दर्ज कराई है, जिसे आगे की कार्रवाई के लिए हाथीदह जीआरपी को भेजा जा रहा है। हाथीदह जीआरपी थानाध्यक्ष का कहना है कि मोबाइल का लोकेशन नदी के दियार इलाके में मिला था, लेकिन बदमाश पकड़ से बाहर रहे।
एक यात्री, रानी कुमारी, सीतामढ़ी जिले के पुपरी की निवासी हैं, जो कोलकाता से एसी-2 कोच में अपने परिवार के साथ यात्रा कर रही थीं। इसी तरह, दरभंगा के डॉ. सोहैल ने बताया कि चोरों ने उनके बर्थ के नीचे से सारा सामान खींच लिया। उन्होंने आशंका जताई कि शायद किसी नशे वाले स्प्रे का इस्तेमाल किया गया हो, क्योंकि कुछ ही मिनटों में नींद खुलने पर कई लोगों का सामान गायब था। यात्रियों ने टीटीई पर भी लापरवाही का आरोप लगाया, क्योंकि एसी-2 बोगी का गेट जनरल कोच की तरफ खोल दिया गया था, जिससे चोरों को भागने में आसानी हुई।
पिछले पखवाड़े में इसी तरह की दो घटनाएं सदभावना एक्सप्रेस में भी हुई हैं। 11 दिसंबर को रक्सौल से दिल्ली जा रही सदभावना एक्सप्रेस के एसी-2 कोच से एक यात्री के लाखों के आभूषण और आईफोन चोरी हो गए थे। हाल ही में, उसी ट्रेन के एक अन्य यात्री का सामान मुजफ्फरपुर-छपरा के बीच चोरी हो गया। इन घटनाओं में अभी तक किसी भी बदमाश की गिरफ्तारी नहीं हुई है, जिससे यात्रियों की सुरक्षा पर गंभीर सवाल उठ रहे हैं।
