राजस्थान के जालोर में भीषण सड़क हादसा, एक ही चिता पर हुआ मां और दो बच्चों का अंतिम संस्कार | jalore road accident
राजस्थान के जालोर जिले के रामसीन-भीनमाल स्टेट हाईवे पर हुए एक दर्दनाक सड़क हादसे ने हंसते-खेलते परिवार को पूरी तरह उजाड़ दिया। रोडवेज बस और टेंपो की आमने-सामने हुई जोरदार भिड़ंत में एक ही परिवार के चार सदस्यों की जान चली गई। इस मರ್ಮस्पर्शी घटना के बाद से पूरे इलाके में शोक की लहर दौड़ गई है और हर किसी की आंखें नम हैं।
यह दुर्घटना 22 अक्टूबर को भरुड़ी चौराहे के पास हुई, जब परिवार मंदिर दर्शन के बाद टेंपो से अपने गांव लौट रहा था। तेज रफ्तार रोडवेज बस की टक्कर से टेंपो बुरी तरह क्षतिग्रस्त हो गया। इस हादसे में ललिता देवी और उनके दो बच्चों की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि गंभीर रूप से घायल सबसे छोटे बेटे ने इलाज के दौरान दम तोड़ दिया। इस अकल्पनीय वज्रपात के बाद अब परिवार में केवल 10 साल की मासूम बेटी जानवी ही जीवित बची है, जो अब अपने रिश्तेदारों के पास है।
इस परिवार पर दुखों का पहाड़ पहले ही टूट चुका था। करीब आठ महीने पहले परिवार के मुखिया का दिल का दौरा पड़ने से निधन हो गया था। पिता के साया उठने के बाद बड़ा बेटा किराए पर टैक्सी चलाकर और मां आंगनबाड़ी में काम करके परिवार का गुजर-बसर कर रहे थे। परिवार ने बेहतर भविष्य की उम्मीद में हाल ही में नया टेंपो खरीदा था, लेकिन किसे पता था कि वही वाहन उनकी अंतिम यात्रा का कारण बन जाएगा।
घटना के बाद प्रशासन और पुलिस स्तर पर त्वरित कार्रवाई की गई है। पुलिस ने दुर्घटना में शामिल दोनों वाहनों को जब्त कर लिया है और बस चालक से पूछताछ की जा रही है। इस प्रकार की सड़क दुर्घटनाएं न केवल यातायात सुरक्षा व्यवस्था पर बड़े सवाल खड़े करती हैं, बल्कि लापरवाह ड्राइविंग के कारण उजड़ रहे हंसते-खेलते परिवारों के प्रति समाज और शासन दोनों को और अधिक संवेदनशील बनाने की आवश्यकता पर जोर देती हैं।
