अगस्त में यूपी में रिकॉर्ड तोड़ बारिश, सितंबर के लिए मौसम का पूर्वानुमान | UP Weather News
उत्तर प्रदेश ने अगस्त महीने में पिछले 125 वर्षों में दूसरी सबसे अधिक बारिश दर्ज कर एक नया कीर्तिमान स्थापित किया है। अमौसी स्थित मौसम विभाग के यूपी-उत्तराखंड मुख्यालय के अनुसार, अगस्त के दौरान प्रदेश में सामान्य दीर्घकालिक औसत 235.5 मिमी की तुलना में 24 प्रतिशत अधिक, कुल 291.3 मिमी वर्षा दर्ज की गई। यह 21वीं सदी में वर्ष 2018 (293.1 मिमी) के बाद अगस्त माह की दूसरी सर्वाधिक बारिश है।
इस बार की बारिश ने कई जिलों में ऐतिहासिक आंकड़े पार किए। प्रयागराज (631.6 मिमी) और बांदा (646 मिमी) में वर्ष 1901 में प्रेक्षण रिकॉर्ड शुरू होने के बाद से इस साल अगस्त महीने में अब तक की सबसे अधिक बारिश दर्ज की गई। यह अभूतपूर्व वर्षा राज्य के जल संसाधनों के लिए महत्वपूर्ण है, लेकिन कुछ क्षेत्रों में बाढ़ जैसी स्थिति का कारण भी बन सकती है।
एक जून से एक सितंबर तक पूरे मानसूनी सीजन की बात करें तो प्रदेश में अब तक 571.6 मिमी बारिश हुई है, जो सामान्य औसत (600.2 मिमी) से मात्र 5 प्रतिशत कम है। इस सीजन में पश्चिमी यूपी में सामान्य से 3 प्रतिशत अधिक और पूर्वी यूपी में 10 प्रतिशत कम बारिश दर्ज की गई है।
मौसम वैज्ञानिकों के अनुसार, प्रशांत महासागर में बने ‘अल-नीनो’ के प्रभाव के कारण सितंबर में पश्चिमी यूपी में सामान्य से कम बारिश के आसार हैं। वहीं, हिंद महासागरीय द्विध्रुव (आईओडी) के धनात्मक होने से दक्षिण-पूर्वी यूपी में सामान्य से अधिक बारिश हो सकती है। यह भिन्नता किसानों और जल प्रबंधन के लिए नई चुनौतियां पेश कर सकती है।
हालांकि, राज्य के कई जिलों को सामान्य से कम या अत्यधिक कम वर्षा का सामना करना पड़ा। अमेठी, बस्ती, गाजीपुर, जौनपुर, मथुरा, सहारनपुर, सीतापुर सहित 20 जिले ऐसे रहे जहां सामान्य से कम वर्षा हुई। छह जिले, जिनमें भदोही, देवरिया, कानपुर देहात, कुशीनगर, गाजियाबाद, शामली शामिल हैं, वहां अत्यधिक कम वर्षा दर्ज की गई। इसके विपरीत, चित्रकूट, महोबा, मेरठ, मुजफ्फरनगर, संभल जैसे जिलों में अत्यधिक बारिश हुई, जबकि बांदा, कन्नौज, कानपुर नगर, प्रतापगढ़, प्रयागराज, बिजनौर, एटा, फिरोजाबाद, हमीरपुर में सामान्य से अधिक वर्षा दर्ज की गई।
