नए साल पर घूमने का प्लान? ₹15,000 में अयोध्या-बनारस या ₹90,000 में मॉरिशस!
नए साल के आगमन के साथ ही लोग घूमने-फिरने की योजनाएं बनाने लगे हैं, जिसके चलते शहर की टूर एंड ट्रेवल्स एजेंसियों में बुकिंग की रफ्तार तेज हो गई है। 24 दिसंबर से 10 जनवरी तक चलने वाले शीतकालीन अवकाश के दौरान करीब 10 हजार से अधिक लोगों के विभिन्न पर्यटन स्थलों की यात्रा पर जाने का अनुमान है।
इस बार गोवा, गुजरात, अंडमान-निकोबार, सिक्किम, गंगटोक, दुबई, केरल, उड़ीसा, थाईलैंड और इंडोनेशिया जैसे लोकप्रिय स्थलों की मांग सबसे ज्यादा है। होटल और पैकेज दोनों की बुकिंग लगातार बढ़ रही है। युवा जोड़ों के बीच गोवा और अंडमान-निकोबार सबसे पसंदीदा डेस्टिनेशन हैं। वहीं, परिवार के साथ यात्रा करने वाले लोग धार्मिक पर्यटन स्थलों जैसे उड़ीसा के जगन्नाथपुरी और भुवनेश्वर की ओर अधिक आकर्षित हो रहे हैं।
विदेशों में भी इस बार इंडोनेशिया, खासकर बाली, युवा जोड़ों के बीच काफी पसंद किया जा रहा है। यहां की प्राकृतिक सुंदरता और सांस्कृतिक विरासत के साथ-साथ विष्णु भगवान का मंदिर भी पर्यटकों को आकर्षित कर रहा है। छह दिन और पांच रात के इस पैकेज में होटल, नाश्ता और स्थानीय भ्रमण शामिल है।
वहीं, यदि बजट कम है, तो बनारस और अयोध्या जैसे धार्मिक शहर भी लोगों की पहली पसंद बन रहे हैं। पांच से छह दिन के इन टूर के लिए लोग ट्रेन या अपने निजी वाहनों से यात्रा कर रहे हैं, लेकिन स्थानीय स्तर पर घूमने के लिए होटल और कार की बुकिंग पहले से ही करवा रहे हैं, ताकि समय की बचत हो सके।
एक प्रतिष्ठित टूर एंड ट्रैवल एजेंसी के निदेशक के अनुसार, देश के भीतर गोवा, अंडमान निकोबार, गुजरात, उड़ीसा और केरल की बुकिंग सबसे अधिक हो रही है। विदेश में थाईलैंड और इंडोनेशिया की बुकिंग भी अच्छी है। कई लोग पूछताछ कर रहे हैं और सोच-समझकर बुकिंग कराने की योजना बना रहे हैं।
एक अन्य सूत्र के अनुसार, वाराणसी-अयोध्या सबसे सस्ता और धार्मिक महत्व वाला पर्यटन स्थल होने के कारण नए साल पर यहां घूमने वालों की संख्या में काफी वृद्धि हुई है। इसके अलावा, केरल अपने शांत समुद्र तटों, बैकवाटर और प्राकृतिक सौंदर्य के लिए, जबकि उड़ीसा अपने पुरी-कोणार्क और चिल्का झील के लिए पर्यटकों के बीच लोकप्रिय हो रहा है। ट्रेवल एजेंटों का कहना है कि चार दिन, तीन रात का बनारस और अयोध्या का पैकेज सबसे सस्ता उपलब्ध है।
विदेशों में दुबई और थाईलैंड की बुकिंग भी लगातार मिल रही है। कुल मिलाकर, नए साल के पर्यटन को लेकर लोगों में जबरदस्त उत्साह देखा जा रहा है। स्कूलों की छुट्टियां शुरू होने और सरकारी कर्मचारियों द्वारा छुट्टियों का सदुपयोग करने की प्रवृत्ति के कारण पर्यटन स्थलों की मांग बढ़ गई है।
