किसानों को मिलेगी सिंचाई में राहत, अनुदान पर मिलेंगे सोलर पंप
प्रधानमंत्री किसान ऊर्जा सुरक्षा एवं उत्थान महा अभियान (पीएम कुसुम) के तहत किसानों को सिंचाई की सुविधा के लिए अब बिजली की किल्लत का सामना नहीं करना पड़ेगा। सरकार द्वारा किसानों को अनुदान पर सोलर पंप उपलब्ध कराने की एक महत्वपूर्ण पहल की गई है। इस योजना के अंतर्गत, इच्छुक किसान 26 नवंबर से 15 दिसंबर तक विभागीय पोर्टल पर आवेदन कर सकते हैं।
जिला कृषि अधिकारी के अनुसार, किसानों का चयन इस बार ई-लॉटरी प्रणाली के माध्यम से किया जाएगा। सोलर पंप प्राप्त करने के लिए किसानों को ऑनलाइन आवेदन के साथ ₹5000 की टोकन मनी भी ऑनलाइन जमा करनी होगी। यह ध्यान रखना महत्वपूर्ण है कि सोलर पंप की क्षमता के अनुसार बोरिंग की गहराई और व्यास निर्धारित है। उदाहरण के लिए, 2 एच.पी. पंप के लिए 22 फीट तक, 3 एच.पी. के लिए 150 फीट तक, और 10 एच.पी. तक के पंपों के लिए 300 फीट की गहराई पर जल स्तर की उपलब्धता आवश्यक है। किसानों की अपनी बोरिंग होनी चाहिए और सत्यापन के समय उपयुक्त न पाए जाने पर टोकन मनी जब्त कर ली जाएगी तथा आवेदन निरस्त कर दिया जाएगा।
योजना के तहत, ऑनलाइन बुकिंग की पुष्टि के बाद किसानों के पंजीकृत मोबाइल नंबर पर एक संदेश भेजा जाएगा। बुकिंग कन्फर्म होने के पश्चात, शेष राशि का ऑनलाइन टोकन जनरेट कर चालान के माध्यम से इण्डियन बैंक की किसी भी शाखा में या ऑनलाइन जमा करना होगा। यदि किसान बैंक से ऋण लेकर अपनी अंश राशि जमा करता है, तो कृषि अवस्थापना निधि (AIF) के तहत केंद्र सरकार और राज्य सरकार द्वारा कुल 6% की ब्याज छूट प्रदान की जाएगी। यह योजना किसानों के लिए सिंचाई को अधिक सुलभ और किफायती बनाने की दिशा में एक बड़ा कदम साबित होगी, जिससे कृषि उत्पादन में वृद्धि की उम्मीद है।
