कानपुर में अंधविश्वास का शिकार हुआ पिता, बेटी की बलि के शक में भीड़ ने पीटा
उत्तर प्रदेश के कानपुर जिले में अंधविश्वास के चलते एक पिता को भीड़ के गुस्से का शिकार होना पड़ा। बिधनू इलाके में लोगों ने एक मानसिक रूप से विक्षिप्त व्यक्ति को अपनी बेटी की बलि देने की कोशिश के आरोप में पकड़कर पीटा। यह घटना तब हुई जब पिता अपनी बेटी के लिए 75 हजार रुपये के कपड़े, झूला और सूटकेस खरीदकर लाया था।
पुलिस के अनुसार, औंधा निवासी सौरभ सैनी बिधनू में नहर किनारे नया मकान बनवा रहे हैं। सौरभ मानसिक रूप से अस्वस्थ हैं। बीते शनिवार को लोगों ने सौरभ को नहर के पास महिलाओं के कपड़े पहने देखा। उनके पास बेटी के लिए खरीदे गए नए कपड़े और सामान भी थे। लोगों ने सौरभ को तांत्रिक समझ लिया और उन पर बेटी की बलि देने का आरोप लगाकर हमला कर दिया।
सौरभ के भाई राहुल सैनी ने मौके पर पहुंचकर स्थिति स्पष्ट की। राहुल ने बताया कि सौरभ को मकान निर्माण के लिए 75 हजार रुपये दिए गए थे, जिससे उसने ये सामान खरीद लिया। सौरभ का कहना था कि वह नए घर में नए कपड़े और झूला लगाएंगे। राहुल ने यह भी बताया कि सौरभ की पत्नी उसकी मानसिक स्थिति ठीक न होने के कारण कई साल पहले उसे छोड़कर जा चुकी है।
सूचना पर पहुंची पुलिस ने जांच के बाद पाया कि बलि देने जैसे आरोप पूरी तरह निराधार से गलत थे। पुलिस ने बच्ची को सुरक्षित उसके चाचा-चाची को सौंप दिया। पुलिस ने बताया कि सौरभ की मानसिक स्थिति ठीक नहीं है, लेकिन बलि देने का कोई प्रयास नहीं किया गया था।
