डीजे के शोर से गूंजता गढ़मुक्तेश्वर, सिस्टम पर उठते सवाल
गढ़मुक्तेश्वर में बारात के दौरान डीजे से होने वाले अत्यधिक शोर ने लोगों की नींद उड़ा दी है। कई स्थानों पर डीजे की धुनें इतनी तेज होती हैं कि मकान भूकंप की तरह हिलने लगते हैं। इस शोरगुल से न केवल आम लोगों को परेशानी हो रही है, बल्कि मरीजों के लिए यह स्थिति जानलेवा भी साबित हो सकती है। वरिष्ठ नागरिकों ने इस मुद्दे पर चिंता व्यक्त करते हुए कहा है कि डीजे का शोर इतना अधिक होता है कि घर में रखा सामान भी हिलने लगता है और दिल के मरीजों की धड़कनें अनियंत्रित हो जाती हैं।
स्थानीय नागरिकों का कहना है कि जब मंदिर में पूजा या मस्जिद में अजान के लिए लाउडस्पीकर के इस्तेमाल पर नियम बनाए जा सकते हैं, तो बरात में कई-कई डीजे लगाकर ध्वनि प्रदूषण फैलाने की इजाजत क्यों दी जाती है। उन्होंने सिस्टम पर ध्वनि प्रदूषण को रोकने में नाकाम रहने का आरोप लगाया है। नागरिकों के अनुसार, शादी-ब्याह खुशी का अवसर होता है, लेकिन इस खुशी में नियमों का उल्लंघन नहीं होना चाहिए। जिस प्रकार हर्ष फायरिंग पर प्रभावी रोक लगाई गई है, उसी प्रकार डीजे के अत्यधिक शोर पर भी लगाम लगाई जानी चाहिए।
वरिष्ठ नागरिक रोशन लाल ने बताया कि एक बारात में तीन डीजे की आवाज से उनका घर इस कदर हिलने लगा कि उन्हें लगा मानो भूकंप आ गया हो। उन्होंने कहा कि इस शोर से उनके घर में रखे सामान भी गिर गए और दिल के मरीजों को काफी तकलीफ हुई। उन्होंने सिस्टम की इस अनदेखी को अन्यायपूर्ण बताया है।
चौधरी शेखावत अली ने डीजे से होने वाले ध्वनि प्रदूषण को घातक बताते हुए कहा कि यह मरीजों के लिए जानलेवा साबित हो रहा है। उन्होंने आरोप लगाया कि सिस्टम इस पर रोक लगाने में नाइंसाफी कर रहा है और पूरी तरह नाकाम है।
यह समस्या केवल गढ़मुक्तेश्वर तक ही सीमित नहीं है। देश के विभिन्न हिस्सों से ऐसी खबरें आ रही हैं जहां ध्वनि प्रदूषण को लेकर कार्रवाई की जा रही है। शोपियां में सड़कों पर माइक और लाउडस्पीकर के इस्तेमाल पर रोक लगा दी गई है, वहीं उत्तर प्रदेश के एक जिले में रात 10 बजे के बाद मैरिज हॉल में डीजे बजाने पर अंतिम चेतावनी जारी की गई है। बस्ती जैसे शहरों में भी मानकों का उल्लंघन करने वाले लाउडस्पीकरों के खिलाफ कार्रवाई की गई है। इस तरह के मामले ध्वनि प्रदूषण के प्रति बढ़ती जागरूकता और सिस्टम की सक्रियता को दर्शाते हैं, जो गढ़मुक्तेश्वर जैसे क्षेत्रों में भी आवश्यक है।
