बरेली STF और वन विभाग की बड़ी कार्रवाई, 300 तोतों की तस्करी का भंडाफोड़
बरेली में एसटीएफ और वन विभाग की टीम ने एक बड़ी कार्रवाई करते हुए 300 तोतों की तस्करी के अंतरराज्यीय गिरोह का भंडाफोड़ किया है। बुधवार रात को मिली गुप्त सूचना के आधार पर, दोनों विभागों की संयुक्त टीम ने घेराबंदी कर रामपुर के दो तस्करों को गिरफ्तार किया। आरोपियों के कब्जे से चार बड़े पिंजरों में रखे गए 300 तोते, एक हुंडई औरा कार, दो मोबाइल फोन और 830 रुपये नकद बरामद हुए हैं।
सूत्रों के अनुसार, वन विभाग के अधिकारियों को मुखबिर से सूचना मिली थी कि वन्य जीव तस्करों का एक गिरोह शहर में सक्रिय है और विभिन्न जनपदों से पकड़े गए तोतों को दिल्ली ले जाने की फिराक में है। इस सूचना पर एसटीएफ और वन विभाग की टीमों ने तत्काल सक्रियता दिखाते हुए घेराबंदी शुरू कर दी। डीएफओ दीक्षा भंडारी के निर्देशन में तीन टीमें बनाई गईं, जिन्होंने इस्लामिया मार्केट के पास तस्करों की संदिग्ध गाड़ी को देखा।
टीमों को देखते ही तस्करों ने गाड़ी की रफ्तार बढ़ा दी और सीबीगंज की ओर भागने लगे। हालांकि, सीबीगंज की टीम ने भी घेराबंदी कर ली और किला पुल के पास उन्हें पकड़ लिया गया। पकड़े गए तस्करों की पहचान अर्सलान खान और शाकिब के रूप में हुई है, जो रामपुर के निवासी बताए जा रहे हैं।
पूछताछ के दौरान, तस्करों ने खुलासा किया कि वे अलग-अलग जगहों से तोते पकड़कर उन्हें शहर में छुपा देते थे और फिर पिंजरों में भरकर दिल्ली ले जाकर बेचते थे। इस कबूलनामे के बाद, दोनों आरोपियों को न्यायालय में पेश किया गया, जहां से उन्हें जेल भेज दिया गया।
अधिकारियों का मानना है कि यह तस्करी का एक बड़ा नेटवर्क है और इसके तार आसपास के जिलों में भी फैले हो सकते हैं। इस रैकेट का पूर्ण रूप से पर्दाफाश करने के लिए विभागीय जांच के आदेश दिए गए हैं। कार्रवाई में शामिल टीम में एसटीएफ के निरीक्षक प्रमाद कुमार वर्मा और वन विभाग के रेंजर वैभव चौधरी, हरेंद्र गंगवार, रमाकांत सक्सेना, ओमवीर सिंह, चिंतामणि शर्मा, शुभम सिंह, शिवम जौहरी, मनोज कुमार सहित कई अधिकारी और कर्मचारी मौजूद रहे। वन्यजीवों की तस्करी के खिलाफ इस तरह की कार्रवाई से वन्यजीवों के संरक्षण की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।
