200 मीटर दूर पुलिस पिकेट, बेखौफ बदमाश ले उड़े एटीएम
मुरादाबाद में एटीएम लूट की एक सनसनीखेज वारदात ने पुलिस की सक्रियता पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। बदमाशों का दुस्साहस इस बात से उजागर होता है कि उन्होंने शहर के एक अत्यंत व्यस्त और पुलिस की मौजूदगी वाले इलाके, महाराणा प्रताप चौक (फव्वारा चौक) से महज 200 मीटर की दूरी पर स्थित एटीएम को उखाड़ लिया। यह इलाका सुरक्षा की दृष्टि से बेहद संवेदनशील माना जाता है, जहां दिन में ट्रैफिक पुलिस और रात में पुलिस पिकेट तैनात रहती है।
सामने आई सीसीटीवी फुटेज के अनुसार, बदमाशों ने वारदात को अंजाम देने से पहले करीब आधे घंटे तक इलाके की रेकी की। उन्होंने बारी-बारी से सड़क पर उतरकर मुआयना किया, लेकिन किसी भी पुलिसकर्मी की नजर उन पर नहीं पड़ी। यह घटना उस समय हुई जब पुलिस की सक्रियता अपेक्षाकृत कम होती है, यानी रात के करीब तीन बजे। सूत्रों के अनुसार, इसी समय पुलिस गश्त पर रहने वाली गाड़ियां भी कम सक्रिय होती हैं, जिसका फायदा उठाकर अपराधियों ने योजनाबद्ध तरीके से इस लूट को अंजाम दिया।
घटनास्थल से लोकोशेड पुल शुरू होता है और दिल्ली रोड से शहर की ओर आने वाले रास्ते पर यह इलाका पड़ता है। रेलवे कॉलोनी और दिल्ली रोड के बीच आवागमन के लिए लोग इसी मार्ग का प्रयोग करते हैं, जिससे यहां 24 घंटे चहल-पहल बनी रहती है। इसके बावजूद, बदमाशों ने पहले से ही रेकी कर यह तय कर लिया था कि किस समय वारदात को अंजाम देना सबसे मुफीद रहेगा।
हैरानी की बात यह है कि जब एटीएम मशीन को उखाड़ा गया, तो आसपास लगी टाइल्स भी टूटीं, जिससे काफी तेज आवाज हुई होगी। इसके बावजूद, चौराहे पर तैनात पुलिस पिकेट को किसी भी असामान्य गतिविधि की भनक तक नहीं लगी। यह घटना न केवल कानून व्यवस्था पर एक बड़ा प्रश्नचिह्न लगाती है, बल्कि यह भी दर्शाती है कि बदमाशों में पुलिस का भय अब समाप्त हो गया है। अधिकारियों का कहना है कि घटना के समय पिकेट पर तैनाती थी, लेकिन उन्हें किसी भी संदिग्ध गतिविधि का पता नहीं चला। फिलहाल, पुलिस मामले की जांच कर रही है और हरियाणा नंबर की क्रेटा कार (70 एफ 1966) की तलाश की जा रही है, जिसका इस्तेमाल वारदात में होने का संदेह है। बदमाश एटीएम मशीन को लेकर आराम से दिल्ली की ओर भागने में सफल रहे।
