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देवास में थाना प्रभारी को कुचलने वाले ट्रक ड्राइवर का एनकाउंटर, पैर में लगी गोली | devas news

By Nov 4, 2026

मध्य प्रदेश के देवास जिले में पुलिस ने एक बड़ी कार्रवाई को अंजाम दिया है। अवैध शराब की तस्करी रोकने की कोशिश कर रहे खातेगांव थाना प्रभारी दिलीप पुरी को ट्रक से कुचलकर मारने के मामले में फरार चल रहे मुख्य आरोपी ड्राइवर गजेंद्र उर्फ अक्कू को पुलिस ने मुठभेड़ के बाद दबोच लिया। इस घटना ने खाकी की सुरक्षा और अपराधियों के हौसलों को लेकर एक बार फिर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।

गिरफ्तारी के बाद पुलिस अभिरक्षा से भागने की कोशिश

देवास पुलिस के अनुसार, मुख्य आरोपी गजेंद्र को गिरफ्तार करने के बाद जब उसे घटनास्थल की जांच और पूछताछ के लिए ले जाया जा रहा था, तब उसने पुलिस को चकमा देकर भागने की कोशिश की। आरोपी ने कथित तौर पर एक पुलिसकर्मी का हथियार छीनकर हमला करने का भी प्रयास किया। स्थिति की गंभीरता को देखते हुए पुलिस ने आत्मरक्षार्थ जवाबी कार्रवाई की, जिसमें आरोपी के दाहिने पैर में गोली लग गई। घायल अवस्था में उसे तुरंत जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया है, जहां उसका इलाज चल रहा है।

क्या था पूरा मामला और कैसे हुआ हादसा

यह पूरी घटना सोमवार को इंदौर-बैतूल हाईवे पर हुई थी। खातेगांव थाना प्रभारी दिलीप पुरी को सूचना मिली थी कि एक ट्रक में भारी मात्रा में अवैध शराब ले जाई जा रही है। जब वे हाईवे पर एक ढाबे के पास खड़े ट्रक के ड्राइवर से पूछताछ करने पहुंचे, तो आरोपी ने पुलिस को देखते ही भागने की फिराक में ट्रक को तेजी से आगे बढ़ा दिया। इस दौरान ट्रक का पहिया थाना प्रभारी के ऊपर से गुजर गया, जिससे उनकी मौके पर ही दर्दनाक मौत हो गई थी, जबकि एक कांस्टेबल भी घायल हुआ था। ट्रक से 1800 लीटर से ज्यादा अवैध शराब बरामद की गई थी।

परिवार ने की सीबीआई जांच की मांग

इस साहसी अधिकारी की शहादत के बाद परिजनों में भारी आक्रोश है। दिवंगत थाना प्रभारी के पिता ने इसे हादसा नहीं बल्कि सोची-समझी हत्या करार दिया है और पूरे मामले की सीबीआई जांच की मांग उठाई है। परिजनों ने आरोपियों को फांसी देने और उनके अवैध निर्माणों पर बुलडोजर चलाने की मांग भी की है। इस घटना से आम जनता में भी अपराधियों के खिलाफ सख्त संदेश गया है और कानून-व्यवस्था को लेकर कड़े कदम उठाए जाने की मांग तेज हो गई है।

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