भारतीय क्रिकेट में सीनियर खिलाड़ियों के साथ व्यवहार को लेकर एक बार फिर बड़ी बहस छिड़ गई है। टीम इंडिया के पूर्व अनुभवी लेग स्पिनर अमित मिश्रा ने मौजूदा समय के दिग्गज बल्लेबाज विराट कोहली...
भारतीय क्रिकेट में सीनियर खिलाड़ियों के साथ व्यवहार को लेकर एक बार फिर बड़ी बहस छिड़ गई है। टीम इंडिया के पूर्व अनुभवी लेग स्पिनर अमित मिश्रा ने मौजूदा समय के दिग्गज बल्लेबाज विराट कोहली पर गंभीर और चौंकाने वाले खुलासे किए हैं। मिश्रा के अनुसार, एक कठिन दौर और गंभीर चोट के बाद उन्हें जो आश्वासन मिला था, उस पर अमल नहीं किया गया।
चोट और वापसी का संघर्ष
साल 2017 में इंग्लैंड के खिलाफ टी20 सीरीज के दौरान अमित मिश्रा के पैर में गंभीर चोट लग गई थी, जिसके कारण उन्हें लंबे समय तक मैदान से बाहर रहना पड़ा था। उस समय अनिल कुंबले टीम के मुख्य कोच थे और उन्होंने मिश्रा को ढांढस बंधाते हुए पूरी फिटनेस हासिल करने के बाद टीम में वापसी का भरोसा दिया था। बाद में जब कमान विराट कोहली के हाथों में आई, तो मिश्रा ने उनसे भी संपर्क साधा। मिश्रा के मुताबिक, कोहली ने उन्हें आश्वासन दिया था कि वह अपनी फिटनेस पर ध्यान दें, टीम में उनकी वापसी को लेकर स्थिति स्पष्ट की जाएगी।
आईपीएल के दौरान अनसुनी की गई पुकार
अपने आपको साबित करने के लिए अमित मिश्रा ने घरेलू क्रिकेट और इंडियन प्रीमियर लीग में शानदार प्रदर्शन जारी रखा। एक आईपीएल मैच के दौरान जब दिल्ली कैपिटल्स और रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु का आमना-सामना हुआ, तो मिश्रा ने विराट कोहली से व्यक्तिगत रूप से मिलकर अपने भविष्य को लेकर चर्चा की। तब कोहली ने एक हफ्ते से दस दिन के भीतर स्थिति स्पष्ट करने का वादा किया था। हालांकि, इसके बाद कथित तौर पर कोहली की तरफ से कोई प्रतिक्रिया नहीं आई और कॉल्स का जवाब मिलना भी बंद हो गया।
सार्वजनिक मंच पर इस प्रकार के खुलासों से खेल प्रेमियों के बीच खिलाड़ियों के आपसी संबंधों और प्रबंधन की कार्यप्रणाली पर सवाल खड़े होने लगे हैं। इस तरह की अनदेखी से एक सीनियर खिलाड़ी का मानसिक रूप से टूटना और अंततः संन्यास का मार्ग चुनना भारतीय क्रिकेट के इतिहास का एक संवेदनशील पहलू बन गया है। आने वाले समय में इस खुलासे का खेल जगत पर कितना असर पड़ता है, यह देखने वाली बात होगी।