एटीएस अधिकारी बनकर बुजुर्ग से 72 लाख की ठगी, आतंकियों से संबंध बताकर किया डिजिटल अरेस्ट | agra news
उत्तर प्रदेश के आगरा में साइबर अपराधियों ने ठगी का एक नया और डरावना मामला सामने लाया है। सिकंदरा क्षेत्र के रहने वाले बुजुर्ग विनोद कुमार को शातिर ठगों ने अपना निशाना बनाया। खुद को एटीएस (एंटी टेररिस्ट स्क्वॉड) का अधिकारी बताकर अपराधियों ने बुजुर्ग को डिजिटल अरेस्ट किया और मानसिक रूप से इस तरह प्रताड़ित किया कि वह पूरी तरह उनके जाल में फंस गए।
ठगों ने बुजुर्ग पर यह दबाव बनाया कि उनके आधार कार्ड का इस्तेमाल आतंकवादियों से जुड़े खातों के लिए किया गया है। उन्हें यह भी डराया गया कि इस गंभीर मामले में उनके पूरे परिवार को जांच के दायरे में लिया जाएगा और उनकी सभी एफडी तथा आरडी सीज कर दी जाएंगी। डर के माहौल में आकर बुजुर्ग ने 27 अगस्त से 18 सितंबर के बीच अलग-अलग चरणों में अपने और परिवार के बैंक खातों से कुल 72.24 लाख रुपये ठगों द्वारा बताए गए खातों में ट्रांसफर कर दिए।
लगातार तीन सप्ताह तक चले इस ठगी के खेल का अहसास जब बुजुर्ग को हुआ, तो उन्होंने पूरी बात अपने बेटे को बताई। इसके बाद परिवार ने तुरंत साइबर थाने में इसकी सूचना दी। इस प्रकार के मामलों से समाज में लगातार असुरक्षा की भावना बढ़ रही है, जिसके चलते नागरिकों को डिजिटल फ्रॉड के प्रति बेहद सतर्क रहने की आवश्यकता है।
डीसीपी साइबर क्राइम आदित्य ने इस मामले पर जानकारी देते हुए बताया कि पुलिस ने अज्ञात साइबर अपराधियों के खिलाफ संबंधित धाराओं में मुकदमा दर्ज कर लिया है। ट्रांजेक्शन ट्रेक करने के साथ ही अपराधियों का सुराग लगाने के लिए तकनीकी टीमों को लगाया गया है और जल्द ही आरोपियों को पकड़ने का प्रयास किया जा रहा है।
