अलीगढ़ आरटीओ कार्यालय में agra news जैसी बेहतर व्यवस्थाएं, औचक निरीक्षण में मिली सफलता
उत्तर प्रदेश के अलीगढ़ संभागीय परिवहन कार्यालय में सोमवार को उस वक्त हड़कंप मच गया जब झांसी से आए उप परिवहन आयुक्त ने औचक निरीक्षण किया। कानपुर के आरटीओ कार्यालय में भ्रष्टाचार का मामला उजागर होने के बाद से शासन स्तर पर सख्त रुख अपनाया गया है। इसी क्रम में प्रदेशभर के परिवहन कार्यालयों की सघन जांच अन्य जिलों के वरिष्ठ अधिकारियों द्वारा कराई जा रही है।
सुबह करीब साढ़े दस बजे उप परिवहन आयुक्त संजय सिंह का काफिला अचानक आरटीओ कार्यालय पहुंचा। गाड़ी से उतरते ही उन्होंने सीधे आम नागरिकों और वहां काम कराने आए लोगों से संवाद स्थापित किया। उन्होंने लाइसेंस, परमिट और अन्य दस्तावेजों के लिए आने वाले लोगों से विभाग की कार्यप्रणाली और किसी प्रकार की असुविधा के बारे में फीडबैक लिया। इसके बाद उन्होंने परमिट सेक्शन, रिकॉर्ड रूम और अन्य अनुभागों का भौतिक निरीक्षण किया।
कार्यालय में सुरक्षा और पारदर्शिता सुनिश्चित करने के लिए लगाए गए 16 सीसीटीवी कैमरों की भी तकनीकी जांच की गई, जो सभी सुचारू रूप से कार्य करते पाए गए। इसके अलावा, कार्यालय परिसर की साफ-सफाई और दीवारों पर लगे सड़क सुरक्षा से जुड़े स्लोगन व बैनर को भी सराहा गया। इस औचक निरीक्षण के दौरान सभी कर्मचारी अपनी निर्धारित सीटों पर मुस्तैद मिले।
अधिकारियों द्वारा की गई इस तरह की अचानक जांच से न केवल प्रशासनिक अमले में अनुशासन बना रहता है, बल्कि आम जनता को भी त्वरित और पारदर्शी सेवाएं मिलने का मार्ग प्रशस्त होता है। जनता को भ्रष्टाचार मुक्त और सुगम परिवहन सेवाएं प्रदान करने की दिशा में यह कदम बेहद महत्वपूर्ण माना जा रहा है। जांच के अंत में यह पाया गया कि अलीगढ़ आरटीओ कार्यालय की व्यवस्थाएं पड़ोसी जिले आगरा से भी बेहतर स्थिति में हैं, जिससे स्थानीय जनता को भी राहत मिल रही है।
