छात्रों की आवाज: हॉस्टल के खाने से मिड डे मील तक, जेन-अल्फा ने उठाई समस्याएं
कानपुर और बरेली में छात्रों ने शिक्षा और रहने की सुविधाओं को लेकर अपनी आवाज बुलंद की है। कानपुर के आश्रम पद्धति सर्वोदय विद्यालय में छात्रों ने हॉस्टल के मेस में खराब खाने की गुणवत्ता, पानी की समस्या, कंप्यूटर लैब के पुराने होने और खेल सामग्री की कमी की शिकायत की। समाज कल्याण निदेशक संजीव सिंह ने तत्काल मेस संचालकों को बदलने, नई पानी की टंकी बनाने और कंप्यूटर अपडेट करने का निर्देश दिया।
इसी तरह, बरेली के उच्च प्राथमिक स्कूल डोहरा में जेन-जी और जेन-अल्फा के छात्रों ने मिड डे मील की गुणवत्ता पर सवाल उठाए और बताया कि करीब 150 बच्चों को यूनिफॉर्म का पैसा नहीं मिला है। डीपीआरओ कमल किशोर ने मिड डे मील के वितरण में सुधार और मीनू के अनुसार गुणवत्तापूर्ण सामग्री के इस्तेमाल का निर्देश दिया। उन्होंने यूनिफॉर्म का पैसा दिलाने और बंद पड़े शौचालय की मरम्मत कराने का भी आदेश दिया।
छात्रों द्वारा उठाई गई इन समस्याओं का समाधान सार्वजनिक शिक्षा प्रणाली में सुधार और छात्रों के कल्याण को सुनिश्चित करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है। यह दर्शाता है कि युवा पीढ़ी अपनी जरूरतों और अधिकारों के प्रति अधिक जागरूक हो रही है और व्यवस्था में सुधार की मांग कर रही है।
