छात्रों की सुरक्षा सर्वोपरि: कानपुर कोचिंग संस्थानों के लिए बनेगी हेल्प डेस्क
लखनऊ अग्निकांड की भयावह घटना के बाद, कानपुर में कोचिंग संस्थानों के संचालन, पंजीकरण और सुरक्षा मानकों को लेकर बुधवार को केडीए सभागार में एक महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की गई। इस बैठक की अध्यक्षता एमएलसी अरुण पाठक ने की, जिसमें केडीए, अग्निशमन विभाग, उच्च शिक्षा विभाग और कानपुर कोचिंग एसोसिएशन के पदाधिकारी शामिल हुए। बैठक का मुख्य उद्देश्य छात्रों की सुरक्षा सुनिश्चित करते हुए कोचिंग संस्थानों के सुचारू संचालन पर सहमति बनाना था।
बंद कोचिंग संस्थानों से परेशान संचालकों, छात्रों और अभिभावकों की समस्याओं को ध्यान में रखते हुए, एमएलसी अरुण पाठक ने सभी को एक मंच पर लाने की पहल की। इस बैठक में यह निर्णय लिया गया कि कोचिंग संचालकों की समस्याओं के त्वरित समाधान के लिए एक ‘हेल्प डेस्क’ का गठन किया जाएगा। इस हेल्प डेस्क के माध्यम से संबंधित विभागों के अधिकारी समन्वय स्थापित कर कार्य करेंगे, जिससे पंजीकरण, सुरक्षा मानकों और अन्य प्रशासनिक प्रक्रियाओं से जुड़े मामलों का समय पर निपटारा हो सके।
एमएलसी अरुण पाठक ने इस बात पर जोर दिया कि छात्रों की सुरक्षा सर्वोच्च प्राथमिकता है और सभी कोचिंग संस्थानों के लिए अग्नि सुरक्षा सहित निर्धारित सुरक्षा मानकों का पालन अनिवार्य होगा। उन्होंने यह भी कहा कि कोचिंग संस्थानों को अनावश्यक कठिनाइयों का सामना न करना पड़े, इसका भी ध्यान रखा जाएगा। केडीए उपाध्यक्ष अंकुर कौशिक ने सभी कोचिंग संस्थानों से निर्धारित भवन और सुरक्षा मानकों का पालन करने का आग्रह किया। उन्होंने आश्वासन दिया कि विभाग पूरी पारदर्शिता और समन्वय के साथ कार्य करेगा। कानपुर कोचिंग एसोसिएशन ने इस पहल के लिए एमएलसी अरुण पाठक का आभार व्यक्त किया।
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