कानपुर में मेट्रो मार्शल से मारपीट, पुलिस पर कार्रवाई न करने का आरोप, पीड़ित ने समझौता से किया इनकार
कानपुर में मेट्रो मार्शल पर हमले के मामले में पुलिस की कार्यशैली पर सवाल उठ रहे हैं। बर्रा में हुई इस घटना में पीड़ित ने पुलिस पर कार्रवाई न करने का आरोप लगाया है, जबकि पुलिस रिकॉर्ड में दोनों पक्षों के बीच समझौता होने की बात कही गई है। पीड़ित इस समझौते से इनकार कर रहा है।
नौबस्ता आवास विकास हंसपुरम निवासी अनमोल गुप्ता मेट्रो परियोजना में मार्शल के पद पर कार्यरत हैं। 30 जनवरी की रात वह शास्त्री चौक पर ड्यूटी पर थे। निर्माण कार्य के कारण बर्रा की ओर जाने वाले वाहनों को बैरिकेडिंग लगाकर रोका गया था। तभी नशे में धुत चार युवक कार से पहुंचे और बैरिकेडिंग हटाने की मांग करने लगे।
आरोप है कि बैरिकेडिंग न हटाने पर युवकों ने अनमोल गुप्ता के साथ मारपीट की और उन पर कार चढ़ाने की कोशिश भी की। घटना के बाद पीड़ित ने पुलिस चौकी और थाने के चक्कर काटे, लेकिन कोई सुनवाई नहीं हुई।
पीड़ित ने एक्स (पूर्व में ट्विटर), आईजीआरएस और मुख्यमंत्री पोर्टल पर शिकायत दर्ज कराई। इसके बाद पुलिस रिकॉर्ड में यह जानकारी सामने आई कि दोनों पक्षों के बीच समझौता हो चुका है। हालांकि, पीड़ित अनमोल गुप्ता ने किसी भी तरह के समझौते से इनकार किया है। एसीपीड़ित का कहना है कि पुलिस ने बिना उसकी सहमति के समझौता दर्ज कर लिया है। एसीपी नौबस्ता चित्रांशु गौतम ने कहा कि पीड़ित थाने नहीं आया है और शिकायत मिलने पर कार्रवाई की जाएगी।
