जब 16 साल की Waheeda Rehman को नाम बदलने को कहा गया, एक्ट्रेस ने दिया था ये करारा जवाब
भारतीय सिनेमा की दिग्गज अभिनेत्री Waheeda Rehman ने हाल ही में एक साहित्यिक समारोह में अपने शुरुआती करियर के दिनों का एक प्रेरणादायक किस्सा साझा किया। यह घटना तब की है जब वह महज 16 साल की थीं और 1956 में फिल्म ‘CID’ से बॉलीवुड में कदम रखने जा रही थीं।
वाहिदा रहमान ने बताया कि जब वह चेन्नई से मुंबई आईं और गुरु दत्त के साथ अनुबंध पर हस्ताक्षर करने गईं, तो फिल्म निर्माताओं ने उन्हें अपना नाम बदलने की सलाह दी। उन्हें बताया गया कि उनका नाम ‘बहुत लंबा’ है और इसमें ‘ग्लैमर’ या ‘सेक्स अपील’ की कमी है। यह सुनकर वाहिदा रहमान को बहुत बुरा लगा। उन्होंने कहा कि उनके माता-पिता ने उन्हें यह नाम दिया है, और किसी और को यह कहने का अधिकार नहीं है कि यह अच्छा नहीं है।
फिल्म ‘CID’ के निर्देशक राज खोसला और गुरु दत्त ने उन्हें समझाने की कोशिश की। उन्होंने दिलीप कुमार, मधुबाला और मीना कुमारी जैसे कई सफल अभिनेताओं के उदाहरण दिए, जिन्होंने अपने करियर की शुरुआत में अपने नाम बदल दिए थे। लेकिन युवा वाहिदा रहमान अपने फैसले पर अडिग रहीं। उन्होंने स्पष्ट रूप से कहा कि वह अपना नाम नहीं बदलेंगी। उन्होंने कहा कि काम में लेनदेन हो सकता है, लेकिन वह अपनी पहचान से समझौता नहीं करेंगी।
वाहिदा रहमान ने बताया कि उस समय उनमें बहुत स्वाभिमान था। हालांकि वह नाबालिग थीं, इसलिए उनकी मां ने अनुबंध पर हस्ताक्षर किए। तीन दिन बाद, फिल्म निर्माताओं ने उन्हें फोन किया और बताया कि उनका नाम नहीं बदला जाएगा। इस तरह, वाहिदा रहमान ने अपने आत्म-सम्मान और पहचान को बनाए रखा। आज, भारतीय सिनेमा के इतिहास में Waheeda Rehman का नाम बहुत सम्मान के साथ लिया जाता है। उनकी यह कहानी बताती है कि आत्म-विश्वास उम्र का मोहताज नहीं होता और अपनी पहचान के लिए खड़ा होना हमेशा सही होता है।
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