जौनपुर डबल मर्डर: DNA टेस्ट से खुलेंगे राज, पुलिस कराएगी मिलान
जौनपुर के अहमदपुर छावनी गौरियाना में हुए दोहरे हत्याकांड में पुलिस अब डीएनए टेस्ट कराने की तैयारी में है। सेवानिवृत्त लोको पायलट श्याम बहादुर और उनकी पत्नी बबिता देवी की हत्या के मामले में यह टेस्ट कई अनसुलझे राज खोल सकता है। पुलिस आरोपी बेटे अंबेश कुमार के डीएनए का मिलान नदी से मिले शरीर के टुकड़ों से कराएगी।
यह हत्याकांड गत आठ दिसंबर को हुआ था, जब दंपति के बीटेक पास बेटे अंबेश कुमार ने कथित तौर पर उनकी हत्या कर दी थी। इसके बाद उसने शव के छह टुकड़े कर सीमेंट की बोरियों में भरकर गोमती नदी में फेंक दिया था। पुलिस ने 15 दिसंबर को अंबेश को गिरफ्तार किया था, जिसके बाद यह सनसनीखेज मामला सामने आया था।
16 दिसंबर को बेलाव घाट से कुछ दूरी पर नदी में एक बोरी मिली थी, जिसमें श्याम बहादुर के शरीर का कमर से घुटने तक का हिस्सा था। बुधवार को इसका पोस्टमार्टम कराया गया, जिसमें डॉक्टरों ने डीएनए टेस्ट के लिए कुछ अवशेष संरक्षित कर लिए हैं। इन अवशेषों को आरोपी अंबेश कुमार और अन्य परिजनों के डीएनए से मिलान के लिए भेजा जाएगा। पोस्टमार्टम के बाद श्याम बहादुर और बबिता सिंह के शरीर के अवशेषों का अंतिम संस्कार उनकी बड़ी बेटी वंदना ने पुलिस की मौजूदगी में किया।
इस घटना ने पूरे इलाके को झकझोर कर रख दिया है। लोगों में इस बात को लेकर आक्रोश है कि कैसे एक बेटे ने अपने माता-पिता की इतनी निर्मम हत्या की। डीएनए टेस्ट से इस मामले की सच्चाई सामने आने की उम्मीद है, जिससे दोषियों को कड़ी सजा मिल सके।
