यूपी में BLO की बढ़ी जिम्मेदारी: SIR के साथ प्रोजनी मैपिंग भी होगी
उत्तर प्रदेश में मतदाता सूची को अधिक त्रुटिहीन बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम उठाया गया है। विशेष सघन पुनरीक्षण (Special Intensive Revision – SIR) अभियान के तहत, बूथ लेवल ऑफिसरों (BLO) पर अब एक अतिरिक्त जिम्मेदारी सौंपी गई है। कन्नौज में एसडीएम ज्ञानेंद्र कुमार द्विवेदी ने सहायक निर्वाचन रजिस्ट्रीकरण अधिकारियों (AERO) और सुपरवाइजरों के साथ एक बैठक में इस नई व्यवस्था के बारे में विस्तार से जानकारी दी।
बैठक में यह निर्देश दिया गया कि बीएलओ को अब अनुपस्थित, विस्थापित, मृतक या दोहरी प्रविष्टि वाले (ASD) मतदाताओं की एक भौतिक सूची तैयार करनी होगी। इसके साथ ही, एक महत्वपूर्ण पहल के तौर पर, 2003 की पुरानी मतदाता सूची के आधार पर इन मतदाताओं की प्रोजनी मैपिंग (वंशावली विश्लेषण) भी कराई जाएगी। इस प्रक्रिया का मुख्य उद्देश्य मतदाता सूची में मौजूद किसी भी प्रकार की विसंगतियों को दूर करना और यह सुनिश्चित करना है कि प्रत्येक पात्र मतदाता का नाम सूची में सही ढंग से दर्ज हो।
एसडीएम ज्ञानेंद्र कुमार द्विवेदी ने स्पष्ट किया कि प्रोजनी मैपिंग से मृतक या स्थानांतरित हो चुके मतदाताओं के विवरण का मिलान आसानी से किया जा सकेगा। इससे बीएलओ के पास किसी भी मतदाता के विवरण के संबंध में मांगने पर एक स्पष्ट और सत्यापित रिपोर्ट उपलब्ध होगी। यह कदम मतदाता सूची की शुद्धता को बढ़ाने और चुनावी प्रक्रिया में पारदर्शिता लाने में सहायक सिद्ध होगा।
विधानसभा क्षेत्र के लगभग चार लाख 80 हजार 359 मतदाताओं के प्रपत्रों को डिजिटाइज करने का कार्य भी तेजी से चल रहा है। इसके लिए ब्लॉक सभागार में बने ईएफ (इनुमरेशन फार्म) सबमिशन सेंटर और नगर पालिका में स्थापित हेल्प डेस्क पर कर्मचारी लगातार काम कर रहे हैं। बैठक में तहसीलदार अवनीश कुमार, बीडीओ दीपांकर आर्य, बीईओ आनंद द्विवेदी सहित कई सुपरवाइजर मौजूद रहे, जिन्होंने इस नई जिम्मेदारी के क्रियान्वयन पर चर्चा की। यह कवायद यह सुनिश्चित करेगी कि मतदाता सूची नवीनतम और सबसे सटीक हो।
