आत्मदाह के प्रयास में झुलसे युवक की मौत, पुलिस पर लगे थे गंभीर आरोप
कोतवाली क्षेत्र के गांव हुसैनपुर कलां निवासी अनस, जिसने 19 नवंबर को आत्मदाह का प्रयास किया था, की बुधवार रात दिल्ली के एक अस्पताल में इलाज के दौरान मौत हो गई। युवक 70 प्रतिशत से अधिक झुलस गया था, जिसके कारण उसकी हालत बेहद गंभीर बनी हुई थी।
घटना के बाद अनस को पहले स्थानीय अस्पताल में भर्ती कराया गया था, जहां से उसकी गंभीर हालत को देखते हुए दिल्ली रेफर कर दिया गया था। अस्पताल में भर्ती होने के दौरान अनस ने एक वीडियो जारी कर बुढ़ाना कोतवाली पुलिस पर गंभीर आरोप लगाए थे। उसने दावा किया था कि पुलिस ने उसे बिना किसी अपराध के उसकी दुकान से उठाकर थाने ले गई और उसकी पिटाई की। युवक ने यह भी आरोप लगाया था कि पुलिस ने उससे पांच लाख रुपये की मांग की थी और अंततः 50 हजार रुपये लेकर उसे छोड़ा था।
हालांकि, इन आरोपों पर अनस के पिता मुरसलीन ने बाद में एक वीडियो जारी कर अपने बेटे द्वारा लगाए गए सभी आरोपों को सिरे से खारिज कर दिया था। इस घटना की गंभीरता को देखते हुए एसएसपी संजय कुमार वर्मा ने मामले की जांच के आदेश दिए थे और जांच की जिम्मेदारी एसपी देहात आदित्य बंसल को सौंपी थी।
सूत्रों के अनुसार, प्रारंभिक जांच में कुछ अनियमितताएं पाए जाने के बाद बुढ़ाना थाने के एक सब-इंस्पेक्टर और दो कांस्टेबल को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया गया था।
गुरुवार को अनस का शव उसके पैतृक गांव हुसैनपुर कलां लाया गया। दोपहर बाद, गांव के कब्रिस्तान में पूरे इस्लामिक रीति-रिवाजों के साथ शव को सुपुर्द-ए-खाक कर दिया गया। इस संबंध में, मृतक अनस के पिता मुरसलीन ने किसी भी तरह की आगे की कानूनी कार्रवाई करने से स्पष्ट रूप से इनकार कर दिया है। इस घटना ने क्षेत्र में पुलिसिया कार्रवाई को लेकर एक बार फिर सवाल खड़े कर दिए हैं, हालांकि परिवार की ओर से आरोपों को वापस लेने से मामले की जांच की दिशा प्रभावित हो सकती है।
