व्हाइट हाउस के पास गोलीबारी: ट्रंप ने बताया आतंकी हमला, अफगान नागरिकों पर कसा शिकंजा
अमेरिका की राजधानी वाशिंगटन डीसी में व्हाइट हाउस से कुछ ही दूरी पर बुधवार दोपहर 2:30 बजे के करीब हुई गोलीबारी की घटना ने सनसनी फैला दी है। इस हमले में दो नेशनल गार्ड के जवान सहित तीन लोग घायल हो गए। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने इस घटना को गंभीरता से लेते हुए इसे ‘आतंकवाद का कृत्य’ करार दिया है और तत्काल कार्रवाई के निर्देश दिए हैं।
घटना के तुरंत बाद, राष्ट्रपति ट्रंप ने वॉशिंगटन में अतिरिक्त 500 नेशनल गार्ड सदस्यों को तैनात करने का आदेश दिया। उन्होंने यह भी घोषणा की कि पूर्व राष्ट्रपति जो बाइडेन के कार्यकाल में अफगानिस्तान से अमेरिका में प्रवेश करने वाले सभी अप्रवासियों की गहन समीक्षा की जाएगी। गृह विभाग (DHS) के अनुसार, इस हमले के पीछे का संदिग्ध 2021 में अफगानिस्तान से अमेरिका आया था।
मेट्रोपॉलिटन पुलिस विभाग ने बताया कि गोलीबारी व्हाइट हाउस के पास हुई, जिसके बाद पूरे इलाके को सील कर दिया गया और भारी पुलिस बल तैनात कर दिया गया। सूत्रों के अनुसार, नेशनल गार्ड के जवान गश्त पर थे, तभी हमलावर ने उन पर गोलीबारी की। अन्य गार्डों ने तुरंत कार्रवाई करते हुए संदिग्ध को घेर लिया और गिरफ्तार कर लिया। गिरफ्तार किए गए संदिग्ध की पहचान 29 वर्षीय रहमानुल्लाह लकनवाल के रूप में हुई है, जो अफगान नागरिक बताया जा रहा है।
इस घटना के गंभीर निहितार्थों को देखते हुए, अमेरिका ने अफगान नागरिकों से संबंधित सभी आप्रवासन अनुरोधों को तत्काल प्रभाव से रोक दिया है। यह कदम इस चिंता के बीच उठाया गया है कि कहीं ऐसे हमले भविष्य में न हों। व्हाइट हाउस के पास हुई इस घटना ने राष्ट्रीय सुरक्षा पर फिर से सवाल खड़े कर दिए हैं, और प्रशासन इस मामले की तह तक जाने का प्रयास कर रहा है।
