इटली में महिलाओं के खिलाफ हत्या पर अब सीधे उम्रकैद: मेलोनी का ऐतिहासिक फैसला
इटली की प्रधानमंत्री जॉर्जिया मेलोनी ने महिलाओं की सुरक्षा को लेकर एक महत्वपूर्ण और ऐतिहासिक कानून पेश किया है, जिसे देश की संसद ने मंगलवार को सर्वसम्मति से मंजूरी दे दी है। इस नए कानून के तहत, महिलाओं या लड़कियों की जानबूझकर हत्या करने वाले दोषियों को अब सीधे आजीवन कारावास की सजा का प्रावधान होगा। यह कदम महिलाओं के खिलाफ बढ़ते अपराधों पर लगाम लगाने और उन्हें अधिक सुरक्षा प्रदान करने की दिशा में एक बड़ा प्रयास माना जा रहा है।
इस विधेयक के पारित होने से इटली की दंड संहिता में एक नया अनुच्छेद जोड़ा गया है, जो विशेष रूप से ‘पीड़ित की विशेषताओं के आधार पर’ हत्या को एक गंभीर अपराध की श्रेणी में रखता है। पहले इटली के कानून में इस तरह के अपराधों के लिए केवल कुछ विशेष परिस्थितियों में ही कड़ी सजा का प्रावधान था, जैसे कि हत्यारा विवाहित हो या पीड़ित का रिश्तेदार हो। लेकिन नए कानून ने इस दायरे को व्यापक बनाते हुए महिलाओं की हत्या को सीधे आजीवन कारावास से जोड़ दिया है।
सरकारी पहल के रूप में पेश किए गए इस विधेयक को सीनेट द्वारा पहले ही मंजूरी मिल चुकी थी और मंगलवार को सदन में इसे 237 मतों के साथ पारित किया गया, जिसके विरोध में एक भी मत नहीं पड़ा। प्रधानमंत्री जियोर्जिया मेलोनी ने इस सर्वसम्मति से हुए मतदान की सराहना करते हुए कहा कि यह उपाय “प्रत्येक महिला की स्वतंत्रता और सम्मान की रक्षा” के लिए एक आवश्यक कदम है। उन्होंने जोर देकर कहा कि सरकार महिलाओं के खिलाफ होने वाली हिंसा को किसी भी कीमत पर बर्दाश्त नहीं करेगी।
यह कानून ऐसे समय में आया है जब महिलाओं के खिलाफ हिंसा एक वैश्विक चिंता का विषय बनी हुई है। संयुक्त राष्ट्र ने हाल ही में महिलाओं के विरुद्ध हिंसा उन्मूलन के लिए अंतर्राष्ट्रीय दिवस के अवसर पर एक रिपोर्ट जारी की थी, जिसमें बताया गया था कि पिछले वर्ष लगभग 50,000 महिलाओं और लड़कियों की हत्या उनके जीवनसाथी या परिवार के सदस्यों द्वारा की गई। इटली में भी राष्ट्रीय सांख्यिकी संस्थान (Istat) के आंकड़ों के अनुसार, 2024 में दर्ज हुई 327 हत्याओं में से 116 महिलाओं और लड़कियों से संबंधित थीं, जिनमें से अधिकांश मामलों में आरोपी पुरुष थे।
