शादी की खुशियों के बीच मातम: दूल्हे ने ट्रक के आगे कूदकर दी जान, चार दिन पहले भी की थी खुदकुशी की कोशिश
बागपत के सरूरपुर कलां गांव में शादी की खुशियों का माहौल मातम में बदल गया, जब बारात आने के कुछ ही समय बाद दूल्हे की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई। दुल्हन पक्ष ने इस मामले में एक चौंकाने वाला खुलासा करते हुए बताया है कि दूल्हे सुबोध की मौत कोई हादसा नहीं, बल्कि एक सोची-समझी आत्महत्या थी। उनके अनुसार, सुबोध ने खुद ट्रक के आगे कूदकर अपनी जान दी।
सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार, सरूरपुर कलां निवासी ओमपाल सिंह की बेटी नेहा का रिश्ता पिछौकरा गांव के सुबोध रोधिया के साथ तीन माह पहले तय हुआ था। रविवार देर शाम बारात गांव में पहुंची और पंचायत घर में ठहरी। बारात के स्वागत और भोजन आदि की तैयारियां चल रही थीं, उसी दौरान सुबोध अचानक हाईवे की ओर दौड़ पड़ा। उसके पीछे उसके कुछ रिश्तेदार भी दौड़े, लेकिन वे उसे रोक पाते, इससे पहले ही सुबोध चलती कार के आगे आ गया। चालक ने किसी तरह उसे बचा लिया, लेकिन इसके तुरंत बाद वह एक तेज रफ्तार ट्रक के सामने कूद गया, जिसकी चपेट में आने से उसकी मौके पर ही मौत हो गई।
यह घटना तब और भी अधिक रहस्यमयी हो गई जब पता चला कि सुबोध ने चार दिन पहले भी कीटनाशक पीकर आत्महत्या करने की कोशिश की थी। उस समय उसके परिजनों ने उसे निजी अस्पताल में भर्ती कराकर उसका उपचार कराया था। इन दोनों घटनाओं के पीछे की असली वजह का अभी तक पता नहीं चल पाया है। सुबोध और उसके परिजनों ने कभी भी किसी तरह की परेशानी या तनाव की बात दुल्हन पक्ष को नहीं बताई थी।
हालांकि, दूल्हे के परिजनों का कहना है कि सुबोध की मौत ट्रक की टक्कर से हुई है और यह एक हादसा था। उन्होंने आत्महत्या जैसी किसी भी बात से इनकार किया है। इस घटना ने पूरे गांव में सनसनी फैला दी है और लोग तरह-तरह की चर्चाएं कर रहे हैं।
पुलिस अधीक्षक सूरज कुमार राय के अनुसार, प्राथमिक जांच में यह सामने आया है कि दूल्हे ने ट्रक के आगे कूदकर आत्महत्या की है और चार दिन पहले उसने जहरीला पदार्थ भी निगला था। उन्होंने कहा कि यदि कोई शिकायत प्राप्त होती है तो निश्चित रूप से जांच कर नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।
