स्कूल में उत्पीड़न से तंग आकर 13 वर्षीय छात्रा ने की आत्महत्या, परिवार ने लगाया आरोप
महाराष्ट्र के अकोला शहर में एक 13 वर्षीय स्कूली छात्रा ने कथित तौर पर स्कूल के एक सीनियर छात्र द्वारा लगातार उत्पीड़न से तंग आकर आत्महत्या कर ली। छात्रा के परिवार ने इस घटना के लिए सीनियर छात्र को जिम्मेदार ठहराया है और उस पर छेड़छाड़, पीछा करने और इंस्टाग्राम पर लगातार परेशान करने वाले मैसेज भेजने का आरोप लगाया है। पुलिस ने नाबालिग लड़के के खिलाफ आत्महत्या के लिए उकसाने का मामला दर्ज किया है।
सूत्रों के अनुसार, छात्रा शुक्रवार को स्कूल से घर लौटी और अपने कमरे में चली गई, जिसे उसने अंदर से बंद कर लिया। परिवार ने जब काफी देर तक दरवाजा खटखटाने के बाद भी कोई जवाब नहीं मिला, तो पड़ोसियों की मदद से दरवाजा तोड़ा गया। अंदर छात्रा का शव फंदे से लटका मिला। उसे तुरंत अस्पताल ले जाया गया, जहाँ डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया।
शुरुआत में, पुलिस ने मामले को आकस्मिक मौत के रूप में दर्ज किया था। हालांकि, पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट और छात्रा के पिता द्वारा औपचारिक शिकायत दर्ज कराने के बाद, मामला गंभीर हो गया और पुलिस ने जांच शुरू की।
पीड़ित छात्रा के पिता ने बताया कि सीनियर छात्र कई दिनों से उनकी बेटी को परेशान कर रहा था। वह उसे सड़क पर फॉलो करता था, स्कूल में परेशान करता था और इंस्टाग्राम पर भी लगातार मैसेज भेजकर तंग करता था। पिता ने कहा, ‘हमने उसे चेतावनी दी थी और उसके माता-पिता से भी बात की थी, लेकिन उसके व्यवहार में कोई सुधार नहीं हुआ। मेरी बेटी लगातार हमें बता रही थी कि उसे परेशान किया जा रहा है। इस मानसिक दबाव के कारण उसने यह चरम कदम उठाया।’
पुलिस निरीक्षक नितिन लेवरकर ने पुष्टि की है कि भारतीय दंड संहिता की संबंधित धाराओं के तहत आरोपी नाबालिग के खिलाफ मामला दर्ज किया गया है। जांच के तहत डिजिटल सबूत, अन्य छात्रों के बयान और स्कूल के रिकॉर्ड एकत्र किए जा रहे हैं। पुलिस इस बात की भी जांच कर रही है कि स्कूल स्तर पर पहले कोई कार्रवाई क्यों नहीं की गई।
इस दुखद घटना के बाद, परिवार और स्थानीय लोगों ने स्कूल अधिकारियों से बच्चों की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए कड़े कदम उठाने और उनके मानसिक स्वास्थ्य पर विशेष ध्यान देने की अपील की है। उन्होंने आग्रह किया है कि ऐसी घटनाएं दोबारा न हों।
