पार्किंग ठेकेदार पर 50 हजार का जुर्माना, अनुबंध की शर्तें न मानने पर नगर निगम सख्त
नगर निगम की पार्किंग व्यवस्था में घोर लापरवाही बरतने के मामले में अनुबंध की शर्तों का उल्लंघन करने वाले पार्किंग ठेकेदार पर प्रशासन ने कड़ा रुख अपनाया है। नगर निगम प्रशासन ने फर्म पर ₹50,000 का जुर्माना ठोंकने के साथ ही स्पष्टीकरण तलब किया है। सहायक नगर आयुक्त अशोक प्रिय गौतम ने सोमवार को एक औचक निरीक्षण के दौरान पार्किंग में कार्यरत कर्मचारियों को न तो निर्धारित ड्रेस में पाया और न ही उनके पास पहचान पत्र (आई-कार्ड) थे, जो कि अनुबंध की अनिवार्य शर्तों में शामिल हैं।
सहायक नगर आयुक्त ने इस निरीक्षण के निष्कर्षों को सेवा शर्तों का सीधा उल्लंघन बताते हुए कहा कि फर्म के खिलाफ इस तरह की शिकायतें पहले भी मिलती रही हैं। नियमों के प्रति इस अनदेखी के कारण ही पार्किंग ठेकेदार पर ₹50,000 का जुर्माना लगाया गया है। फर्म को एक नोटिस जारी कर यह निर्देश दिए गए हैं कि वे निर्धारित दो दिनों के भीतर अपनी स्थिति स्पष्ट करें और सुधार के उपाय बताएं।
सूत्रों के अनुसार, यदि फर्म ने निर्धारित अवधि में संतोषजनक जवाब नहीं दिया या आवश्यक सुधार नहीं किए, तो नगर निगम प्रशासन अनुबंध को समाप्त कर फर्म को ब्लैकलिस्ट करने जैसी कड़ी कार्रवाई करने से भी नहीं हिचकिचाएगा। नगर निगम प्रशासन ने इस मामले में अपनी मंशा स्पष्ट करते हुए कहा है कि पार्किंग संचालन में पूर्ण पारदर्शिता बनाए रखना और उपभोक्ताओं की सुरक्षा सुनिश्चित करना उनकी सर्वोच्च प्राथमिकता है। नियमों का उल्लंघन करने वाले किसी भी ठेकेदार को बख्शा नहीं जाएगा और उनके विरुद्ध सख्त कार्रवाई जारी रहेगी।
