मोहन भागवत बोले: हिंदू एक होंगे तो आसुरी शक्तियां टूटेंगी, भेदभाव मुक्त भारत जरूरी
राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ प्रमुख मोहन भागवत ने वृंदावन में कहा है कि हिंदू समाज को एकजुट होने की आवश्यकता है, क्योंकि फूट के कारण ही उन्हें पराजय का सामना करना पड़ा है। उन्होंने कहा कि जब हिंदू एक होंगे तो आसुरी शक्तियां स्वयं ही टूट जाएंगी। भागवत ने इस बात पर जोर दिया कि देश को भेदभाव मुक्त भारत की आवश्यकता है, जहां भाषा, जाति और संप्रदाय के आधार पर कोई भेद न हो।
उन्होंने आगे कहा कि दुनिया भारत को विभिन्न आधारों पर विभाजित मानती है, लेकिन अब समय आ गया है कि सभी हिंदुओं को अपने मित्र के रूप में देखा जाए। कुटुंब प्रबोधन की विचारधारा से आगे बढ़ते हुए, अपनी परंपराओं को अगली पीढ़ी तक पहुंचाना महत्वपूर्ण है। भागवत ने विश्वास व्यक्त किया कि भक्ति और सात्विक शक्ति के आधार पर चलने से भारत आने वाले 20-30 वर्षों में विश्व गुरु बनकर दुनिया को सुख-शांति का मार्ग दिखाएगा।
