खेलो इंडिया यूनिवर्सिटी गेम्स का राजस्थान में भव्य आगाज, 296 स्वर्ण पदकों के लिए जोर-आजमाइश
राजस्थान की राजधानी जयपुर के ऐतिहासिक सवाई मान सिंह स्टेडियम में सोमवार शाम को खेलो इंडिया यूनिवर्सिटी गेम्स (केआईयूजी) 2025 का भव्य और रंगारंग उद्घाटन समारोह संपन्न हुआ। केंद्रीय खेल एवं युवा मामलों के मंत्री डॉ. मनसुख मांडविया और राजस्थान के मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने दीप प्रज्ज्वलित कर इस प्रतिष्ठित खेल आयोजन का शुभारंभ किया। यह केआईयूजी का पांचवां संस्करण है, जिसका आयोजन राजस्थान सरकार, स्टेट स्पोर्ट्स काउंसिल, एसोसिएशन ऑफ इंडियन यूनिवर्सिटीज के सहयोग से और नेशनल स्पोर्ट्स फेडरेशन के तकनीकी समर्थन से किया जा रहा है। पूर्णिमा यूनिवर्सिटी इस संस्करण की मेजबान यूनिवर्सिटी है।nnइस बार के खेलो इंडिया यूनिवर्सिटी गेम्स 24 नवंबर से 5 दिसंबर तक राजस्थान के सात शहरों में आयोजित किए जाएंगे। इन खेलों में देश भर की 222 विश्वविद्यालयों के कुल 4448 एथलीट भाग ले रहे हैं, जो 23 विभिन्न मेडल वाले खेलों में अपनी प्रतिभा का प्रदर्शन करेंगे। इन खेलों में कुल 296 स्वर्ण पदक दांव पर लगे होंगे। इसके अतिरिक्त, खो-खो को एक प्रदर्शनी खेल के रूप में शामिल किया गया है, जो केंद्रीय खेल मंत्रालय की देसी खेलों को बढ़ावा देने की पहल का हिस्सा है।nnउद्घाटन समारोह में राजस्थान की समृद्ध संस्कृति की झलक देखने को मिली। मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने केंद्रीय खेल मंत्री डॉ. मनसुख मांडविया, वरिष्ठ मंत्रियों, खेल प्रशासकों, साई अधिकारियों और खेल प्रेमियों की मौजूदगी में केआईयूजी 2025 को आधिकारिक तौर पर शुरू करने की घोषणा की।nnकेंद्रीय खेल मंत्री डॉ. मनसुख मांडविया ने अपने संबोधन में कहा, “यहां खड़े होकर मैं सिर्फ एथलीटों की भीड़ नहीं, बल्कि 1.4 करोड़ भारतीयों की उम्मीदें देख रहा हूं। आप ही कल के खेल सितारे बनेंगे और देश के तिरंगे को दुनिया के मंच पर गौरवान्वित करेंगे।” उन्होंने इस आयोजन में भाग लेने वाले सभी एथलीटों, आयोजकों, राजस्थान सरकार और खेल प्रशासन से जुड़े सभी लोगों को धन्यवाद दिया।nnपिछले संस्करण में चंडीगढ़ यूनिवर्सिटी 66 पदकों (28 स्वर्ण) के साथ शीर्ष पर रही थी, वहीं लवली प्रोफेशनल यूनिवर्सिटी और गुरु नानक देव यूनिवर्सिटी क्रमशः दूसरे और तीसरे स्थान पर रहीं थीं। पिछले संस्करण में एथलेटिक्स में आठ खेल रिकॉर्ड भी बने थे।nnउद्घाटन समारोह की एक खास बात विकसित राजस्थान स्मार्ट टॉर्च का प्रदर्शन था, जिसे अंतरराष्ट्रीय बॉक्सर अरुंधति चौधरी और कंपाउंड तीरंदाज राजेश चौहान ने मुख्यमंत्री और केंद्रीय खेल मंत्री को भेंट किया। यह सोलर पावर्ड टॉर्च एक इन-बिल्ट कैमरे के साथ पूरे राजस्थान का भ्रमण करने के बाद सवाई मान सिंह स्टेडियम में अपनी यात्रा पूरी की।nnखिलाड़ियों का स्वागत करते हुए मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने कहा, “हम प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के उस विजन को साकार होते देख रहे हैं, जिसमें उन्होंने युवाओं की प्रतिभा को पहचाना। खेलो इंडिया एथलीटों के लिए अपनी प्रतिभा दिखाने का एक उत्कृष्ट मंच है। यह एक समान अवसर प्रदान करता है, जहाँ हर कोई खेल सकता है और अपनी क्षमता साबित कर सकता है।” उन्होंने खिलाड़ियों को मुश्किलों से लड़ने और जीत-हार से सीखने के लिए प्रेरित किया।”
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