जाति की दीवार बनी प्रेम की मौत, प्रेमी युगल ने मालगाड़ी के आगे कूदकर दी जान
उन्नाव से एक दिल दहला देने वाली घटना सामने आई है, जहाँ प्रेम की खातिर जाति की बेड़ियों को तोड़ना चाहने वाले एक युवा जोड़े ने आखिरकार अपनी जान दे दी। अजगैन क्षेत्र के जमालपुर गढ़ी गांव निवासी 23 वर्षीय सुरेंद्र पासवान और पड़ोस के गांव गौरी निवासी 17 वर्षीय सोनी रैदास के बीच पिछले तीन सालों से प्रेम प्रसंग चल रहा था। दोनों एक-दूसरे से शादी करना चाहते थे, लेकिन अलग-अलग जातियों से होने के कारण उनके परिवार इस रिश्ते के सख्त खिलाफ थे।
सभी प्रयासों के बावजूद जब परिवार वाले शादी के लिए राजी नहीं हुए, तो दोनों ने रविवार रात 10-11 बजे के बीच घर से भागने का फैसला किया। रविवार रात घर से निकलने के बाद, सोमवार तड़के लगभग पांच बजे दोनों कानपुर-लखनऊ रेल मार्ग पर जैतीपुर स्टेशन पहुंचे। सूत्रों के अनुसार, इसी दौरान कानपुर से लखनऊ की ओर जा रही एक मालगाड़ी के सामने दोनों ने छलांग लगा दी।
लोको पायलट ने घटना की सूचना तुरंत जीआरपी को दी। मौके पर पहुंचे जीआरपी दारोगा मनोज कुमार ने दोनों शवों की पहचान कराई और परिजनों को सूचित किया। परिजनों के पहुंचने पर वहां मातम पसर गया, वे अपने बच्चों के शव देखकर बेहाल हो गए।
हालांकि, परिजन इस घटना को आत्महत्या बता रहे हैं, लेकिन उन्होंने अपने बच्चों के प्रेम प्रसंग के बारे में खुलकर बात करने से परहेज किया। स्थानीय ग्रामीणों ने बताया कि सुरेंद्र और सोनी के बीच पिछले तीन सालों से प्रेम संबंध था और जातिगत भिन्नता के कारण परिवार वाले उनकी शादी के लिए तैयार नहीं थे।
एक प्रत्यक्षदर्शी के अनुसार, जब युवती ट्रेन के सामने कूदने जा रही थी, तो युवक उसे बचाने की कोशिश कर रहा था। लेकिन, एक-दूसरे का हाथ पकड़े होने के कारण दोनों ही ट्रेन की चपेट में आ गए और उनकी दर्दनाक मौत हो गई। पुलिस इस मामले की गहराई से जांच कर रही है और आगे की कार्रवाई की जाएगी।
