आरक्षित रिक्तियों पर सरकार का बड़ा बयान: SC-ST-OBC भर्ती पर क्या कहा? लोकसभा में कई मुद्दों पर हुई चर्चा
केंद्र सरकार ने बुधवार को लोकसभा में बताया कि सभी मंत्रालयों में अनुसूचित जाति (एससी), अनुसूचित जनजाति (एसटी) और अन्य पिछड़ा वर्ग (ओबीसी) के लिए आरक्षित रिक्तियों का होना और उनका भरा जाना एक सतत प्रक्रिया है।
केंद्रीय कार्मिक राज्य मंत्री जितेंद्र सिंह ने एक लिखित उत्तर में कहा कि केंद्र सरकार के सभी मंत्रालयों और विभागों को निर्देश जारी किए गए हैं कि वे बैकलॉग आरक्षित रिक्तियों की पहचान करने, ऐसी रिक्तियों के मूल कारणों का अध्ययन करने, ऐसी रिक्तियों का कारण बनने वाले कारकों को दूर करने के उपाय शुरू करने और विशेष भर्ती अभियानों के माध्यम से उन्हें भरने के लिए एक आंतरिक समिति का गठन करें।
रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव ने लोकसभा को बताया कि कोलकाता और उसके आसपास चार मेट्रो कॉरिडोर के तहत 52 किलोमीटर लंबे हिस्से का निर्माण कार्य चल रहा है, जिसमें से 20 किलोमीटर का काम भूमि अधिग्रहण और राज्य सरकार से संबंधित उपयोगिता स्थानांतरण के मुद्दों के कारण रुका हुआ है। इन चार कॉरिडोर की स्थिति के बारे में सदन को अवगत कराते हुए मंत्री ने एक प्रश्न के लिखित उत्तर में कहा कि पहले कॉरिडोर में, 7.74 किलोमीटर लंबे जोका-माजेरहाट खंड का निर्माण कार्य शुरू हो गया है, जबकि 6.26 किलोमीटर लंबे माजेरहाट से एस्प्लेनेड खंड पर शेष कार्य शुरू कर दिया गया है।
खाद्य मंत्री प्रल्हाद जोशी ने लोकसभा को बताया कि केरल सरकार ने खुद को अत्यधिक गरीबी से मुक्त घोषित कर दिया है, फिर भी अंत्योदय अन्न योजना के तहत उसे खाद्यान्न की आपूर्ति में कोई बदलाव नहीं होगा। एक लिखित उत्तर में मंत्री ने कहा कि अंत्योदय अन्न योजना दिशानिर्देशों में पात्र परिवारों की पहचान के लिए अत्यधिक गरीबी कोई मानदंड नहीं है। जोशी ने कहा कि पात्र परिवारों की पहचान के लिए अत्यधिक गरीबी कोई मानदंड नहीं है, इसलिए केरल को खाद्यान्न की आपूर्ति में फिलहाल कोई बदलाव नहीं किया गया है।
केंद्र सरकार ने लोकसभा को बताया कि हिमाचल प्रदेश सरकार द्वारा 1843 करोड़ रुपये का बकाया भुगतान न करने के कारण 63 किलोमीटर लंबी भानुपल्ली-बिलासपुर-बेरी नई रेल लाइन परियोजना पर प्रतिकूल प्रभाव पड़ा है। भानुपल्ली-बिलासपुर-मनाली-लेह रेलवे लाइन और नांगल-ऊना-तलवाड़ा रेलवे लाइन की वर्तमान स्थिति से संबंधित सवालों के जवाब में रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव ने कहा कि भानुपल्ली-बिलासपुर-बेरी नई रेल लाइन परियोजना को राज्य सरकार के साथ लागत-साझाकरण के आधार पर मंजूरी दी गई है।
केंद्रीय संचार और ग्रामीण विकास राज्य मंत्री डॉ. पेम्मासानी चंद्रशेखर ने लोकसभा में एक लिखित उत्तर में बताया कि आप्टिकल फाइबर केबल नेटवर्क मार्च 2018 के 17.5 लाख किलोमीटर से बढ़कर सितंबर 2025 तक 42.36 लाख किलोमीटर हो गया है, जबकि बेस ट्रांसीवर स्टेशनों की संख्या मार्च 2018 के 17.3 लाख से बढ़कर अक्टूबर 2025 तक 31.4 लाख हो गई है।
