फर्जीवाड़े का खुलासा: मार्कशीट में जन्मतिथि बदलकर पाई थी नौकरी, स्टाफ नर्स निलंबित, FIR दर्ज करने के निर्देश
बलिया में स्वास्थ्य विभाग घोटालों और फर्जीवाड़े के चुंगल में फंसा हुआ है। इसी बीच फर्जी मार्कशीट के सहारे नौकरी पाने का एक नया मामला सामने आया है। सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र रसड़ा (बलिया) में तैनात स्टाफ नर्स कुमुदलता राय के खिलाफ फर्जी दस्तावेज़ों के आधार पर नौकरी हासिल करने की पुष्टि हुई है। शिकायत के बाद हुई जांच में यह खुलासा हुआ कि नर्स ने अपनी जन्मतिथि बदलकर नौकरी प्राप्त की थी।
मामले में महानिदेशक, चिकित्सा एवं स्वास्थ्य सेवाएं, उत्तर प्रदेश ने सीएमओ बलिया को तत्काल एफआईआर दर्ज कराने के निर्देश जारी किए हैं। शिकायतकर्ता प्रभात राय ने आरोप लगाया था कि स्टाफ नर्स कुमुद लता ने फर्जी तरीके से उम्र घटाकर दूसरी बार प्राप्त डिग्री के आधार पर नौकरी पाई। शिकायतकर्ता ने आरोपी स्टाफ नर्स के सभी शैक्षणिक दस्तावेजों का प्रमाण भी प्रस्तुत किया।
सीएमओ डॉ. संजीव वर्मन् ने जांच के लिए दो सदस्यीय समिति का गठन किया। जांच समिति ने स्टाफ नर्स की डिग्रियों को पूर्वांचल यूनीवर्सिटी जौनपुर और माध्यमिक शिक्षा परिषद कार्यालय वाराणसी भेजा। 14 मई को माध्यमिक शिक्षा परिषद ने शिकायत कर्ता के आरोपों को पुष्ट कर दिया। रिपोर्ट के अनुसार, आरोपिता ने हाईस्कूल और इंटरमीडिएट की मार्कशीट में अलग-अलग जन्मतिथि अंकित कराई थी।
इस मामले में चिकित्सा महानिदेशक डॉ. रतन पाल सिंह सुमन ने सीएमओ डॉ. संजीव वर्मन को दस नवंबर को फरमान जारी करते हुए संबंधित स्टाफ नर्स के खिलाफ मुकदमा दर्ज कराने के निर्देश दिए। स्वास्थ्य विभाग में फर्जीवाड़े का यह कोई पहला मामला नहीं है। इसके पूर्व भी एक साथ दो जिलों में नौकरी करने वाले फार्मासिस्ट, करोड़ों की कमाई वाला वरिष्ठ लिपिक और उपकरण घोटाले जैसे कई मामलों से विभाग हमेशा चर्चाओं में रहा है।
